- सिंहस्थ 2028 की तैयारी: उज्जैन में 800 ‘आपदा मित्र’ होंगे तैनात, शिप्रा घाटों पर दी जा रही विशेष ट्रेनिंग
- जया किशोरी पहुंचीं महाकाल दरबार: नंदी हॉल में किया जाप, जल अर्पित कर लिया आशीर्वाद
- तड़के खुला महाकाल का दरबार: पंचामृत अभिषेक के बाद त्रिपुंड और मुकुट में सजे बाबा के दिव्य दर्शन, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
- CM मोहन यादव ने क्षिप्रा घाटों का किया निरीक्षण: बोले- श्रद्धालुओं की सुविधाओं में नहीं हो कोई कमी, 200 मीटर पर सुविधा केंद्र बनाने के दिए निर्देश
- मिस इंडिया एक्सक्विजिट ईशा अग्रवाल पहुंचीं महाकाल: भस्म आरती में शामिल होकर किया पूजन, देश की खुशहाली की कामना
उफ! इतनी गर्मी, सड़क से पिघल रहा डामर, अब आगे लू की आशंका
उज्जैन | शहर में गर्मी के तेवर बरकरार हैं। लगातार दो दिन तक गर्म रात रहने से लोग बेचैन होने लगे हैं। वातावरण में नमी रहने से उमस भी बेहाल कर रही है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक अभी एक-दो दिन भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक सोमवार को दिन का अधिकतम तापमान ४१.२ डिग्री सेल्सियस रहा, जो कि रविवार ४१.५ के मुकाबले मामूली कम रहा। सोमवार को भी सुबह से सूरज के तेवर काफी तीखे रहे, जिसके चलते सुबह 10 बजे से ही धूप में चुभन महसूस होने लगी थी। दोपहर के बाद आसमान पर बादलों की मौजूदगी होने से धूप से कुछ राहत मिली, लेकिन उमस ने सताना शुरू कर दिया। हालांकि इस दौरान चल रही तेज हवा से तापमान में अपेक्षाकृत वृद्धि नहीं हो सकी। मौसम विज्ञानियों के अनुसार दिन में 42 डिग्री से. से अधिक तापमान दर्ज होने के साथ ही रात के समय आसमान पर बादल बने रहने से वातावरण में गर्मी बरकरार रहती है। इस वजह से न्यूनतम तापमान पिछले दो दिन से बढा हुआ हैं।वर्तमान में उत्तर-पश्चिम राजस्थान से उत्तरी छत्तीसगढ़ होकर एक द्रोणिका लाइन मप्र से गुजर रही है। इस सिस्टम के कारण वातावरण में नमी आ रही है। इससे आसमान पर बादल छाने लगे हैं। साथ ही दिन के अधिकतम तापमान बढ़ा हुआ हैं। वहीं तेज गर्मी के कारण शहर में कई जगह सड़कों का डामर पिघलने लगा।
लू की आशंका
बढ़ती गर्मी के मद्देनजर आगामी दिनों में लू का आशंका जताई जा रही है। ऐसे में लोगों को सावधानी रखने की जरूरत है। अगर कोई काम न हो तो दोपहर के समय बाहर ना निकलें। ज्यादा से ज्यादा पानी पीएं, ताकी शरीर का तापमान नहीं बढ़े। खाली पेट घर से बाहर ना निकलें, कुछ ना कुछ खाकर ही जाएं। आइसक्रीम, लस्सी, छाछ, गन्ने का जूस पीएं, इससे शरीर में ठंडक बनी रहें। ग्लूकोज भी लेते रहें। अगर डिहाइडे्रशन होता है तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।