- महाकाल की नगरी उज्जैन में RSS का ऐतिहासिक हिंदू सम्मेलन अभियान, 65 बस्तियों में एक साथ आयोजन का लक्ष्य
- महाकाल की नगरी में विदेशी पक्षियों का डेरा, उज्जैन के तालाबों में दर्ज हुईं 67 पक्षी प्रजातियाँ
- Ujjain Latest News: हिंदू सम्मेलन के संदेश को लेकर तीनबत्ती चौराहा पर हुआ सांस्कृतिक आयोजन, मंथन स्टूडियो और उज्जैन लाइव ने किए 2 गीत लॉन्च!
- इंडस्ट्रियलाइजेशन के मामले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रधानमंत्री मोदी के सच्चे अनुयाई: अमित शाह
- नंदी हाल से गर्भगृह तक गूंजे मंत्र—महाकाल के अभिषेक, भस्मारती और श्रृंगार के पावन क्षणों को देखने उमड़े श्रद्धालु
जम्मू में ड्रोन अटैक के बाद उज्जैन संभाग में अलर्ट
उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में अब बिना अनुमति और जांच के कोई भी ड्रोन नहीं उड़ा सकेगा। इसके लिए ADG ने आदेश जारी कर दिया है। दरअसल, हाल ही में जम्मू में ड्रोन हमला हुआ था। इसी हमले को देखते हुए उज्जैन संभाग और महाकाल मंदिर में अलर्ट जारी किया गया है।
उज्जैन संभाग के IG और ADG योगेश देशमुख ने संभाग के सभी पुलिस अधीक्षक को आदेश दिए हैं कि संभाग के सभी संवेदनशील स्थानों पर ड्रोन को लेकर सुरक्षा उपाय करें। बगैर जांच और अनुमति के ड्रोन नहीं उड़ाया जाए। उज्जैन भी संवेदनशील क्षेत्रों में है। यहां बम स्क्वॉड की टीम रोजाना सुबह और शाम महाकाल मंदिर में सर्चिंग करती है। इससे पहले भी कई बार देशभर में अलर्ट हो या फिर आतंकियों की धमकी भरे खत, सभी में महाकाल मंदिर को लेकर अति सतर्कता पुलिस बरतती रही है।
उज्जैन रेंज के IG योगेश देशमुख ने आदेश दिया है कि महाकाल मंदिर पर ड्रोन उड़ाने के लिए न सिर्फ अनुमति लेना होगी बल्कि ड्रोन को सुरक्षा एजेंसी से पहले चेक भी कराना होगा। ADG योगेश देशमुख ने कहा कि सभी जिलों को निर्देश दिए हैं कि जब भी ड्रोन कैमरे का इस्तेमाल हो तो उससे पहले उसकी चेकिंग और परमिशन अवश्य देखी जाए। तभी ड्रोन का इस्तेमाल करने की अनुमति दी जाए।
संवेदनशील है उज्जैन शहर
उज्जैन पहले से संवेदनशील रहने के साथ ही आतंकी संगठन सिमी का गढ़ माना जाता रहा है। शहरी क्षेत्र से प्रतिबंधित संगठनों के कई गुर्गों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है। ऐसे में शहर में सुरक्षा के लिहाज से आदेश जारी किया गया है।
महाकाल मंदिर, हरसिद्धि मंदिर, काल भैरव मंदिर, मंगल नाथ मंदिर और संभाग के क्षेत्रों में मंदसौर का गांधी सागर डेम, पशुपति नाथ मंदिर, देवास में माताजी की टेकरी, आगर का बगलामुखी माता मंदिर सहित अन्य क्षेत्रों में ड्रोन उड़ाने से पहले जांच और अनुमति जरूरी होगी।