- महाकाल की भस्म आरती में शामिल हुए अभिनेता मेका श्रीकांत, नंदी हॉल में बैठकर किया जाप
- श्री महाकालेश्वर मंदिर में दिव्य भस्म आरती सम्पन्न: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधि-विधान से हुआ पूजन, राजा स्वरूप में बाबा महाकाल दिए दर्शन!
- उज्जैन में मानवता की मिसाल, शिप्रा आरती के दौरान बिछड़ी बुजुर्ग महिला को उज्जैन पुलिस ने 6 घंटे में ढूंढ निकाला!
- भारतीय टीम के खिलाड़ी नितेश कुमार रेड्डी पहुंचे महाकाल मंदिर, भस्म आरती में हुए शामिल!
- महाकाल की नगरी उज्जैन में RSS का ऐतिहासिक हिंदू सम्मेलन अभियान, 65 बस्तियों में एक साथ आयोजन का लक्ष्य
शिप्रा तट पर दिया सूर्य को अघ्र्य
उज्जैन | नवसंवत्सराभिनंदन समारोह समिति द्वारा भारतीय नववर्ष चैत्र शुक्ल प्रतिपदा गुड़ी पड़वा पर मंगलवार सुबह 5 बजे से दत्त अखाड़ा शिप्रा तट पर दीप प्रज्वलन और शंखनाद कर नववर्ष का उत्सव मनाया गया।
अतिथि शांतिस्वरूपानंदजी महाराज, रामानुजकोट के पीठाधीश्वर रंगनाथचार्यजी महाराज, युवराज माधव प्रपन्नाचार्यजी, विधायक डॉ. मोहन यादव, शहर कांग्रेस अध्यक्ष अनंतनारायण मीणा, भगवतीलाल राजपुरोहित, सुरेंद्र चतुर्वेदी थे। समिति के पं. चंदन गुरु ने बताया सर्वप्रथम 151 वैदिक बटुकों द्वारा मंगलाचरण कर मां शिप्रा का पंचामृत पूजन कर सौभाग्य सामग्री अर्पण की गई।
इसके पश्चात आदित्य हृदय स्रोत का पाठ किया गया। इस दौरान बाल कलाकारों द्वारा नृत्य कर भगवान सूर्य को नृत्यांजलि अर्पित की गई। सुबह 6.27 बजे सूर्य को अघ्र्य देकर ‘साधारण नाम संवत्सर का स्वागत किया गया। शुभ चिह्नों से अंकित महिलाओं द्वारा गुड़ी एवं ध्वज का पूजन कर नीम का प्रसाद वितरित किया गया। कार्यक्रम संयोजक पंचांगकर्ता ज्योतिषाचार्य पं. श्यामनारायण व्यास, नारायण उपाध्याय एवं वासुदेव पुरोहित थे। इस दौरान पं. व्यास ने शहरवासियों को शहर एवं शिप्रा को स्वच्छ रखने का संकल्प भी दिलाया।