- महाकाल मंदिर का नंदी हॉल बदलेगा रूप, 20 लाख की लागत से होगा सौंदर्यीकरण; सावन से पहले पूरा करने की तैयारी
- महाकाल मंदिर में भस्म आरती के नाम पर फिर ठगी, गुजरात की दो महिलाओं से 42 हजार रुपए वसूले; पुलिस ने शुरू की जांच
- शनिचरी अमावस्या पर उज्जैन के शनि मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, 24 घंटे में 1000 लीटर से ज्यादा तेल चढ़ा; घाटों से हटाए गए कपड़े और जूते-चप्पल
- “मैं पापा के साथ जाऊंगा…”: उज्जैन कोर्ट में मासूम की जिद के बाद पिता संग भैरवगढ़ जेल पहुंचा 4 साल का बच्चा
- बाबा महाकाल के दरबार में पहुंची भारतीय महिला क्रिकेट टीम, कप्तान हरमनप्रीत कौर समेत खिलाड़ियों ने भस्म आरती में लिया आशीर्वाद
डेडिकेटेड Covid Hospital के होंगे दो भाग…
उज्जैन। राज्य शासन द्वारा गत वर्ष शा.माधवनगर हॉस्पिटल में सारी यूनिट बंद करके इसे डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल बनाया गया था। उज्जैन संभाग के इस एकमात्र शासकीय कोरोना उपचार हॉस्पिटल को बनाने में करोड़ो रूपये खर्च किए गए और स्वयं मुख्यमंत्री इसका शुभारंभ करने उज्जैन आए थे।
अब सीएमएचओ के एक आदेश के अनुसार इस हॉस्पिटल को दो भागों में तोड़ा जा रहा है। पहला भाग कोरोना के उपचार के लिए तथा दूसरा भाग ऑंख एवं हड्डी रोग के वार्ड पूर्व की तरह पुन: प्रारंभ करने के लिए।
सीएमएचओ डॉ.महावीर खण्डेलवाल ने एक आदेश जारी किया है। शा.माधवनगर के प्रभारी चिकित्सक के नाम जारी आदेश में डॉ.खण्डेलवाल ने चार बिंदुओं में निर्देश जारी किए हैं। अपने निर्देश में उन्होने उल्लेख किया है कि-
कोविड-19 के मरीजों की संख्या बहुत अधिक कम हो गई है। अत: संक्रमित मरीजों के लिए मेडिकल वार्ड तथा एक स्टोर रूम ही रखा जाए। अन्य वार्डो को सामान्य वार्ड में परिवर्तित कर दिया जाए।
आई और आर्थोपेडिक वार्ड को पुन: संचालित किया जाए।
शा.माधवनगर को मिले ऑक्सीजन कांसन्ट्रेटर,ऑक्सीजन फ्लो मीटर,पल्स ऑक्सीटोमीटर, थर्मल गन एवं अन्य उपकरणों को अपने भण्डार गृह में चालू/तैयार स्थिति में रखें। उक्त उपकरण खराब हैं तो तत्काल रिपेयर करवाएं। ताकि भविष्य में आवश्यकता पडऩे पर तत्काल उपयोग में लाये जा सकें।
शा.माधवनगर में तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की संख्या बहुत अधिक है। कम से कम कर्मचारियों को रखते हुए शेष को कार्यमुक्त किया जाए।
इनका कहना है…शा.माधवनगर के प्रभारी डॉ.विक्रम रघुवंशी के अनुसार वरिष्ठों का आदेश मिला है। हमने तैयारी कर ली है। प्रथम तल की आयसीयू कोरोना मरीजों के लिए रहेगी और एक वार्ड तथा एक स्टोर रहेगा। शेष वार्डो में पूर्व की तरह आई और आर्थो पेडिकक ओपीडी शुरू करने जा रहे हैं। सामान्य मरीजों का भी ओपीडी में उपचार किया जाएगा। इसके लिए प्रथम तल को विसंक्रमित करके कल्चर भेजे जा चुके हैं। जल्द ही आदेश पर अमल होगा।