- बसंत पंचमी पर वासंती रंग में रंगेगा महाकाल मंदिर, भस्म आरती से होगी शुरुआत; सांदीपनि आश्रम में भी होंगे विशेष धार्मिक आयोजन!
- वीरभद्र जी के कान में स्वस्ति वाचन के बाद ली गई आज्ञा, पंचामृत अभिषेक और भस्म अर्पण के साथ साकार रूप में भगवान ने दिए दर्शन
- महाकाल दरबार पहुंचे सुनील शेट्टी, परिवार के साथ शांत माहौल में किए दर्शन; Border-2 की सफलता के लिए मांगा आशीर्वाद
- सभा मंडप से गर्भगृह तक अनुष्ठानों की श्रृंखला, भस्म अर्पण के बाद साकार रूप में हुए महाकाल के दर्शन; जल और पंचामृत से अभिषेक, रजत मुकुट और शेषनाग श्रृंगार के साथ खुले मंदिर के पट
- महाकाल की भस्म आरती में शामिल हुए अभिनेता मेका श्रीकांत, नंदी हॉल में बैठकर किया जाप
महाकाल लोक की तरह सबरीमाला होगा विकसित, मंदिर प्रबंधन के सदस्यों ने तीन दिन तक किया अध्ययन
मध्य प्रदेश में महाकाल लोक की तरह ही केरल राज्य में स्थित सबरीमाला मंदिर भी विकसित किया जाएगा। भाजपा की शिवराज सरकार में बने महाकाल लोक का अवलोकन करने के लिए सबरीमाला मंदिर प्रबंधन के सदस्यों का दल उज्जैन आया था।
इस दल ने भगवान महाकाल दर्शन के बाद तीन दिन तक महाकाल लोक का अध्ययन किया। अब इसकी एक समग्र रिपोर्ट बनाई जाएगी। यह रिपोर्ट प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को सौंपी जाएगी। सबरीमाला मंदिर को महाकाल लोक की तरह बनाने के लिए 500 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।
बता दें कि सबरीमाला मंदिर केरल के पतनमतिट्टा जिले में पेरियार टाइगर अभयारण्य के भीतर स्थित है। यहां प्रतिवर्ष चार से करोड़ श्रद्धालु आते हैं। वहीं, मध्य प्रदेश के उज्जैन में स्थित महाकाल मंदिर में भी भगवान महाकाल के दर्शनों के लिए प्रतिदिन डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालु आते हैं।
पिछले वर्ष मोदी ने किया था महाकाल महालोक का लोकार्पण
ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर परिसर के नवविस्तारित क्षेत्र ‘श्री महाकाल महालोक’ में हुए 242 करोड़ 35 लाख रुपये के निर्माण कार्यों का लोकार्पण पिछले माह ही मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया है। उज्जैन में पर्यटन और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए प्रदेश सरकार ने ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर परिसर को आठ गुना बड़ा और भव्य बनाया है।
गत वर्ष 11 अक्टूबर 2022 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘श्री महाकाल महालोक फेज-’ अंतर्गत 395 करोड़ रुपये के निर्माण कार्यों (भगवान शिव सहित अन्य देवी-देवताओं की विशाल मूर्तियों, नदी द्वार, पिनाकी द्वार, मानसरोवर भवन, महाकाल मंडपम्, त्रिवेणी मंडपम्, दीवारों पर उकेरे शैल चित्रों) का लोकार्पण किया था।