- सिंहस्थ 2028 की तैयारी तेज: उजरखेड़ा-मोहनपुरा रोड पर हाईटेक मशीन से बन रही सीसी सड़क, कलेक्टर ने मौके पर पहुंचकर लिया जायजा
- महाकाल मंदिर में तड़के भस्म आरती: स्वस्ति वाचन के बाद खुले पट, राजा स्वरूप में दिए दर्शन
- 40° के पार तापमान, फिर भी नहीं थमी आस्था: महाकाल में रोज 1 लाख से ज्यादा श्रद्धालु; पहली बार महाकाल लोक में शुरू हुआ फोगिंग सिस्टम
- उज्जैन की 5 माह की बच्ची SMA-1 से जूझ रही: 15 करोड़ के इंजेक्शन के लिए जंग, सोनू सूद ने बढ़ाया हाथ; भोपाल एम्स में चल रहा इलाज
- 15 साल पहले खत्म हो चुकी थी लीज; हाईकोर्ट से स्टे हटते ही UDA का एक्शन, बेगमबाग में 5 मकान तोड़े; अब तक 30 से ज्यादा निर्माण हटाए जा चुके
चार राज्यों के 272 विश्वविद्यालयों के कुलपति उज्जैन में जुटेंगे, राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर करेंगे चर्चा
उज्जैन। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन एवं इसकी चुनौतियों के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करने के लिए मध्य प्रदेश सहित उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड के 272 शासकीय-अशासकीय विश्वविद्यालयों के कुलपति और प्रतिनिधि उज्जैन आएंगे। सभी विक्रम विश्वविद्यालय के स्वर्ण जयंती हाल में राज्यपाल मंगु भाई पटेल की अध्यक्षता में होने वाली मध्य क्षेत्र की कान्फ्रेंस में शामिल होंगे। कान्फ्रेंस के लिए राजभवन से सहमति मिली गई है।
विश्वविद्यालय सभी कुलपतियों को आमंत्रित करने की तैयारी में जुट गया है। विक्रम विश्वविद्यालय के विद्यार्थी कल्याण संकाय अध्यक्ष डा. एसके मिश्र ने बताया कि कान्फ्रेंस 2 और 3 मार्च को होगी। इसमें विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के चेयरमैन प्रो. एम. जगदीश कुमार भी सम्मिलित होंगे। बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव को आमंत्रित किया जा रहा है। विक्रम विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अखिलेशकुमार पांडेय राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के मध्य क्षेत्र कार्यान्वयन समिति के समन्वयक है।
यह लक्ष्य है राष्ट्रीय शिक्षा नीति का
राष्ट्रीय शिक्षा नीति, विश्व स्तरीय शैक्षिक प्रणाली विकसित करने के लिए लागू की गई है। इस शिक्षा नीति का अंतिम लक्ष्य ऐसे उत्कृष्ट लोगों का निर्माण करना है जो तर्क करने और कार्य करने में सक्षम हों, जो साहसी और लचीले हों, जिनके पास वैज्ञानिक मानसिकता और रचनात्मक कल्पना हो, और जिनके पास मजबूत नैतिकता और मूल्य हों। अब तक हुए क्रियान्व्यन के परिणाम कैसे हैं, इसकी समीक्षा कान्फ्रेंस में की जाएगी।
इसके पहले युवा उत्सव
कान्फ्रेंस से पहले 18, 19 जनवरी को विक्रम विश्वविद्यालय के स्वर्ण जयंती सभागार में अंतर जिला युवा उत्सव होगा। इसमें सात जिले के लगभग 300 विद्यार्थी नृत्य, गायन, वादन, वाद-विवाद, पोस्टर निर्माण सहित 22 विधाओं में प्रतिभा दिखाएंगे। यहां विजेता विद्यार्थी राज्य स्तरीय युवा उत्सव में प्रतिभागिता करेंगे। तैयारियों को लेकर शुक्रवार को समन्वय समिति की बैठक हुई।