- सिंहस्थ 2028 की तैयारियों ने पकड़ी रफ्तार: उज्जैन में घाटों पर उतरी प्रशासनिक टीम, भीड़ प्रबंधन पर सबसे ज्यादा जोर
- सिंहस्थ से पहले उज्जैन में दिखने लगा कुंभ जैसा आध्यात्मिक वातावरण, पंच धूनी तप में लीन हुए टाटम्बरी सरकार; धधकते कंडों के बीच कर रहे तप
- उज्जैन संभाग बन रहा देश का नया फूड प्रोसेसिंग पावरहाउस, 7300 करोड़ से ज्यादा निवेश से बदली औद्योगिक तस्वीर
- महाकाल मंदिर में भोर की भस्म आरती: पंचामृत अभिषेक के बाद ड्रायफ्रूट और भांग-चंदन से हुआ बाबा का दिव्य श्रृंगार
- महाकाल मंदिर में श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत: दर्शन मार्गों पर बन रहा हीट प्रूफ पाथ-वे, तपती जमीन से मिलेगी सुरक्षा
मवेशियों को ले गए पशुमालिक, देखती रही गैंग
उज्जैन। आवारा मवेशियों की समस्या और लगातार हो रहे हमलों से परेशान हो चुके शहरवासियों को इस समस्या से निजात दिलाने के लिए नगर निगम की गैंग सड़कों पर उतरी लेकिन वह पशुओं को नहीं पकड़ते हुए शहरभर का चक्कर लगाती रही। गुरुवार सुबह भी कुछ ऐसा ही नजारा देखने को मिला। रामघाट पर आवारा मवेशियों को पकडऩे पहुंची गैंग के सामने ही पशुमालिक मवेशियों को ले गए और गैंग देखती रही। इसके अलावा दानीगेट पर भी गैंग से पहले पशुमालिक पहुंच गए और पशुओं के पीछे भागते हुए उन्हें ले गए। कई जगह पशुओं के दौड़ लगाने से अफरा-तफरी भी मची। पशुमालिक आगे-आगे और उसके पीछे निगम की गैंग को देख लोग भी अचरज में थे।
इस दौरान गैंग ने एक भी आवारा मवेशी नहीं पकड़ा और गाडिय़ों में शहरभर का चक्कर लगाते रहे। वहीं दूसरी ओर कई जगहों पर आवारा मवेशी समूह में स्वच्छंद विचरण करते नजर आए। शहरवासियों का कहना था कि नगर निगम यह कैसा आवारा मवेशी पकड़ो अभियान जहां गैंग के पहुंचने से पहले ही पशुमालिक पहुंच गए और मवेशियों को ले गए। कई जगहों पर आवारा मवेशी सड़कों पर आमजनों के लिए परेशानी का सबब बन रहे हैं लेकिन निगम की गैंग को नजर क्यों नहीं आ रहे।