भगवान नागचन्द्रेश्वर मंदिर में प्रवेश तय नहीं

भगवान नागचन्द्रेश्वर मंदिर में प्रवेश तय नहीं

मंगलकारी त्रिवेणी संयोग में नाग देवता का पर्व पंचमी उज्जैन।महाकालेश्वर मंदिर के शिखर स्थित भगवान नागचन्द्रेश्वर मंदिर के पट वर्ष में एक बार नागपंचमी पर खोले जाते हैं। नागपंचमी 13 अगस्त को है। बीते वर्ष कोविड-19 के कारण मंदिर में केवल परंपरागत पूजन हुआ था, आम श्रद्धालुओं को प्रवेश नहीं मिला था। नागपंचमी पर नागचन्द्रेश्वर में प्रवेश को लेकर फिलहाल इस बार अभी कुछ तय नहीं हैं। हालांकि अधिकारी मानकर चल रहे हैं कि पिछले…

और पढ़े..

महाकालेश्वर की सवारी की नई व्यवस्था

महाकालेश्वर की सवारी की नई व्यवस्था

श्रावण में महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन तथा सोमवार को निकाली जाने वाली महाकालेश्वर की सवारी की नई व्यवस्था तय की जाएगी। इसके लिए अफसरों ने मंदिर परिसर और सवारी मार्ग के दौरे शुरू कर दिए हैं। बुधवार को एडीएम और एएसपी ने दौरा किया। शुक्रवार को नई व्यवस्था तय कर शनिवार से लागू करेंगे। बीते सोमवार को दर्शन और सवारी की व्यवस्था में कई चूक सामने आई। इस कारण भीड़ अनियंत्रित होने के साथ कई…

और पढ़े..

सावन के पहले सोमवार को मची भगदड़ के बाद सुरक्षा बढ़ाई

सावन के पहले सोमवार को मची भगदड़ के बाद सुरक्षा बढ़ाई

सावन के पहले सोमवार को महाकाल मंदिर में मची भगदड़ के बाद प्रशासन सतर्क हो गया है। प्रशासन ने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव करते हुए पुलिसकर्मियों की संख्या भी बढ़ा दी है। आज सुबह 5 बजे से ही श्रद्धालुओं को लाइन में लगवाना शुरू कर दिया गया था। साथ ही बेरिकैडिंग अब हरसिद्धि मंदिर तक कर दी गई है। सावन के पहले सोमवार के दिन सुबह करीब 10:30 बजे दर्शनों को लेकर भगदड़…

और पढ़े..

महाकालेश्वर मंदिर में अब रोज 5 हजार श्रद्धालुओं को ऑनलाइन प्री-परमिशन

महाकालेश्वर मंदिर में अब रोज 5 हजार श्रद्धालुओं को ऑनलाइन प्री-परमिशन

श्रावण में महाकालेश्वर के दर्शन के लिए अब ज्यादा श्रद्धालुओं को ज्यादा समय तक दर्शन की सुविधा मिलेगी। मंदिर समिति ने ऑनलाइन प्री-परमिशन की संख्या मंगलवार को 3500 से बढ़ाकर 5000 कर दी है। दर्शन का समय भी मंगलवार से रविवार तक 16 घंटे यानी तड़के 5 से रात 9 बजे तक रहेगा। श्रावण में महाकालेश्वर के दर्शन के लिए देशभर से श्रद्धालु आते हैं। कोरोना संक्रमण की गाइड लाइन के चलते मंदिर समिति नि:शुल्क…

और पढ़े..

ऑनलाइन बुकिंग करके ही मिलेगा महाकाल और ओंकारेश्वर मंदिर में प्रवेश

ऑनलाइन बुकिंग करके ही मिलेगा महाकाल और ओंकारेश्वर मंदिर में प्रवेश

सावन मास की शुरुआत आज रविवार से हो चुकी है, दूसरे दिन ही पहला सावन साेमवार होगा। मध्यप्रदेश के महाकाल और ओंकारेश्वर ज्योर्तिलिंग के अलावा विश्वप्रसिद्व मंदसौर के पशुपतिनाथ मंदिर में कोरोना के चलते पाबंदियां रहेंगी। महाकाल और ओंकारेश्वर मंदिर में दर्शन के लिए ऑनलाइन बुकिंग के बाद टोकन लेना होगा। इसी तरह, पशुपतिनाथ मंदिर में श्रद्धालु गर्भगृह के बाहर से दर्शन कर सकेंगे। मंदिरों में प्रवेश के लिए मास्क व टीके के सर्टिफिकेट की…

और पढ़े..

28 जून से महाकाल दर्शन की गाइडलाइन:ऑनलाइन बुकिंग के बाद 7 स्लॉट में दर्शन

28 जून से महाकाल दर्शन की गाइडलाइन:ऑनलाइन बुकिंग के बाद 7 स्लॉट में दर्शन

महाकालेश्वर मंदिर 28 जून से खोलने के निर्णय के बाद तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। आने वाले श्रद्धालुओं को दर्शनों के लिए ऑनलाइन बुकिंग करवानी होगी। इसके बाद वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट या 24 से 48 घंटे पूर्व की कोविड निगेटिव रिपोर्ट दिखाने पर ही मंदिर परिसर में प्रवेश दिया जाएगा। सुबह 6 से रात 8 बजे तक सात स्लॉट में दर्शन करवाए जाएंगे। इसके अलावा, गर्भगृह और नंदी हॉल में दर्शनार्थियों को प्रवेश नहीं मिलेगा।…

और पढ़े..

श्रद्धालुओं का प्रवेश शुरू:आज से चिंतामण, बारह ज्योतिर्लिंग और इस्कॉन मंदिर में होंगे दर्शन

श्रद्धालुओं का प्रवेश शुरू:आज से चिंतामण, बारह ज्योतिर्लिंग और इस्कॉन मंदिर में होंगे दर्शन

शहर में मंदिरों में श्रद्धालुओं को प्रवेश की अनुमति के बाद सोमवार से हरसिद्धि रोड स्थित चारधाम, नवनिर्मित बारह ज्योतिर्लिंग मंदिर, चिंतामण गणेश और इस्कॉन में श्रद्धालुओं का प्रवेश शुरू होगा। चिंतामण गणेश मंदिर में सुबह 9 बजे पूजन के बाद श्रद्धालुओं को प्रवेश देंगे। प्रबंधक अभिषेक शर्मा के अनुसार एक बार में 4 श्रद्धालुओं को प्रवेश दिया जाएगा। इस्कॉन मंदिर में भी सोमवार से श्रद्धालुओं को प्रवेश देंगे। सुबह 4.30 बजे से 4 श्रद्धालुओं…

और पढ़े..

कोरोना कहर में बंद हुआ दान:उज्जैन महाकाल मंदिर में मिल रहा नाममात्र का दान

कोरोना कहर में बंद हुआ दान:उज्जैन महाकाल मंदिर में मिल रहा नाममात्र का दान

कोरोना कहर के चलते जहां एक तरफ कई व्यवसायिक संस्थान बंद है, वहीं मंदिरों के भी पट बंद है। व्यवसायिक संस्थानों को आर्थिक मार झेलना पड़ रही है तो मंदिर भी इससे अछूते नहीं है। ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में नाममात्र की दान राशि मिल रही है। इससे मंदिर प्रबंधन के खर्च भी नहीं निकल पा रहे हैं। ऐसे में मंदिर संस्थान को अपनी जमा पूंजी में से खर्च करना पड़ रहा है। सामान्य दिनों में…

और पढ़े..

महाकाल मंदिर:भगवान महाकालेश्वर को लग रहा मंदिर में बने सादे भोजन का भोग

लॉकडाउन में बाजार बंद होने से भगवान महाकाल को भक्तों द्वारा लाई जाने वाली मिठाइयों का भोग नहीं लग पा रहा। लॉकडाउन में मंदिर में बनने वाले सादे भोजन, चावल और दूध का ही भोग लगाया जा रहा है। कोरोना संक्रमण के पहले दौर के अनलॉक के समय से ही प्रशासन ने मंदिर में प्रवेश के लिए ऑनलाइन प्री-परमिशन से प्रवेश की शुरुआत कर दी थी। इससे दर्शनार्थियों की संख्या सीमित करने में प्रशासन को…

और पढ़े..

महाकाल में सवा लाख महामृत्युंजय का जाप:कोरोना संक्रमण रोकने के लिए बाबा के आंगन में अति रुद्र महामृत्युंजय जाप अनुष्ठान

महाकाल में सवा लाख महामृत्युंजय का जाप:कोरोना संक्रमण रोकने के लिए बाबा के आंगन में अति रुद्र महामृत्युंजय जाप अनुष्ठान

श्री महाकालेश्वर मंदिर समिति द्वारा कोरोना संक्रमण कम करने के लिए प्रदोष पर्व से अति रूद्र महामृत्युंजय अनुष्ठान प्रारंभ किया है। श्री महाकालेश्वर मंदिर समिति द्वारा आयोजित 11 दिवसीय अनुष्ठान के दौरान 76 पंडित दो शिफ्ट में प्रतिदिन एक महारुद्र महामृत्युंजय जाप करेंगे। 11 दिन में 11 महारुद्र से एक अति रुद्र महामृत्युंजय जाप होगा। मंदिर समिति के सहायक प्रशासक प्रतीक द्विवेदी ने बताया कि अनुष्ठान की पूर्णाहुति 19 अप्रैल को यज्ञ आहुति के साथ…

और पढ़े..
1 2 3 21