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आश्रम से भागीं 3 किशोरियां और 2 महिलाएं
रामघाट पर महाकाल पुलिस को मिली किशोरियों से पूछताछ के बाद फिर आश्रम के कर्मचारियों को सौंपा
उज्जैन।कोर्ट की प्रक्रिया से पुलिस द्वारा अम्बोदिया स्थित आश्रम को सौंपी गईं तीन किशोरियां और आश्रम में काम करने वाली दो महिलाएं सुबह करीब 4 बजे खिड़की की जालियां तोड़कर भाग गईं। सुबह आश्रम के कर्मचारियों को इसका पता चला तो डायल 100 पर सूचना देकर और भेरूगढ़ व महाकाल पुलिस को जानकारी दी गई। महाकाल पुलिस ने रामघाट क्षेत्र से तीन किशोरियों को पकड़ा और थाने में बैठाया जहां किशोरियों ने बताया कि आश्रम में परेशानी होने के कारण भागने की बात कही और कहा हम वहां नहीं रह सकते। पुलिस द्वारा महिला कर्मचारियों की तलाश की जा रही है।
अंबोदिया के पास स्थित आश्रम के संचालक बताते हैं कि आश्रम में बेसहारा, दिव्यांग, पीडि़त, बीमार ऐसे लोग जिनकी कोई देखभाल नहीं कर सकता उन्हें आश्रम में रखकर सेवा की जाती है। यहां पर सभी आयु वर्ग के लोग निवास करते हैं। पिछले दिनों कोर्ट की प्रक्रिया के अनुसार पुलिस द्वारा तीन किशोरियों को आश्रम के सुपुर्द किया गया था। यहीं पर दो महिलाएं भी काम करतीं थीं। सुबह करीब 4 बजे तीनों किशोरियां व दो महिला कर्मचारी आश्रम के कमरे की खिड़कियों में लगी जालियां तोड़कर भाग निकलीं। सुबह नाश्ता लेकर किशोरियों के कमरे में पहुंचे कर्मचारियों को इसकी जानकारी लगी तो डायल 100 सहित भेरूगढ़ व महाकाल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना का प्रसारण सुनकर रामघाट क्षेत्र में ड्यूटी कर रहे महाकाल थाने के पुलिस जवानों ने तीनों किशोरियों को संदिग्ध हालत में घूमते पकड़ा और थाने लाकर पूछताछ की, जबकि आश्रम की दो महिला कर्मचारियों का अब तक पता नहीं चला है।
किशोरियों द्वारा आश्रम कर्मचारियों पर लगाये गये आरोपों के संबंध में बालगृह अधीक्षक शैलेन्द्र कुमावत से चर्चा की गई तो उनका कहना था कि किशोरियों को हम भी आश्रम में नहीं रखना चाहते। पिछले दिनों पूरी प्रक्रिया के साथ उन्हें बालगृह में लाये थे। यहां कोरेंटाइन सेंटर में रखकर उनकी कोरोना जांच कराई थी। एक दिन पहले ही तीनों की रिपोर्ट नेगेटिव आई है। इंजेक्शन लगाने या गोलियां देने के आरोप सही नहीं हैं। सुबह नाश्ता लेकर किशोरियों के कमरे में पहुंचे तो पता चला कि वह खिड़की की जालियां तोड़कर भाग गई हैं। महाकाल थाना प्रभारी अरविंद सिंह तोमर ने बताया कि किशोरियों को आश्रम संचालकों के सुपुर्द किया जा रहा है। टीआई तोमर के अनुसार उक्त लड़कियां पहले भी घर से भाग चुकी थी। सुबह इन लड़कियों के साथ कुणाल नाम का युवक भी रामघाट पर मिला था। उज्जैन निवासी किशोरी इसी लड़के के साथ पूर्व में भागी थी, जिसे पकड़ कर पुलिस ने आश्रम के बालगृह को सौंपा था। उनके द्वारा बेबुनियाद आरोप आश्रम प्रबंधन के खिलाफ लगाए जा रहे हैं। आश्रम से भागी दो महिलाओं की तलाश अभी जारी है।