- उज्जैन पहुंचेंगे सीएम मोहन यादव, सिंहस्थ बचाव दल के प्रशिक्षुओं से करेंगे संवाद; एलिवेटेड ब्रिज के भूमिपूजन की भी संभावना
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उज्जैन पहुंचेंगे सीएम मोहन यादव, सिंहस्थ बचाव दल के प्रशिक्षुओं से करेंगे संवाद; एलिवेटेड ब्रिज के भूमिपूजन की भी संभावना
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बुधवार शाम उज्जैन पहुंचेंगे। उनके शाम करीब 6:30 बजे हेलीपैड पर उतरने का कार्यक्रम है। इसके बाद वे शहर में आयोजित विभिन्न स्थानीय कार्यक्रमों में शामिल होंगे।
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में होमगार्ड से जुड़ा आयोजन भी शामिल है। इसके अलावा वे कालिदास अकादमी में सिंहस्थ की तैयारियों के तहत प्रशिक्षण ले रहे बचाव दल के प्रशिक्षुओं से संवाद करेंगे।
सिंहस्थ के दौरान उज्जैन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। इसे देखते हुए आपदा प्रबंधन और बचाव कार्यों के लिए विशेष दल तैयार किए जा रहे हैं। इन दलों के सदस्यों को अलग-अलग परिस्थितियों में राहत और बचाव कार्य करने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
उज्जैन पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री प्रशिक्षण ले रहे युवाओं और बचाव दल के सदस्यों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान सिंहस्थ के दौरान आने वाली संभावित चुनौतियों और तैयारियों को लेकर चर्चा की जाएगी।
मुख्यमंत्री के बुधवार शाम के कार्यक्रम के बाद गुरुवार सुबह भी उज्जैन में कई महत्वपूर्ण कार्यक्रम होने की संभावना है। इनमें शहर में प्रस्तावित दो एलिवेटेड ब्रिज परियोजनाओं का भूमिपूजन भी शामिल हो सकता है।
उज्जैन में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए दो एलिवेटेड ब्रिज प्रस्तावित किए गए हैं। पहली परियोजना चिमनगंज मंडी चौराहा से इंदौर गेट तक 4-लेन एलिवेटेड ब्रिज की है।
दूसरी परियोजना निकास चौराहा से इंदौर गेट तक 2-लेन एलिवेटेड ब्रिज की है। दोनों परियोजनाओं की कुल लंबाई करीब 5.32 किलोमीटर बताई गई है।
इन दोनों एलिवेटेड ब्रिज के निर्माण पर करीब 945 करोड़ 20 लाख रुपए खर्च होने का अनुमान है। दोनों परियोजनाओं के लिए टेंडर प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है।
एलिवेटेड ब्रिज बनने के बाद शहर के प्रमुख मार्गों पर यातायात का दबाव कम होने और लोगों को आवागमन में सुविधा मिलने की उम्मीद है। सिंहस्थ को देखते हुए भी बेहतर यातायात व्यवस्था को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने उज्जैन में ही इन दोनों एलिवेटेड ब्रिज के निर्माण की घोषणा की थी। हालांकि गुरुवार को भूमिपूजन होगा या नहीं, इसकी अंतिम पुष्टि आधिकारिक कार्यक्रम जारी होने के बाद ही होगी।