- भारत-पाकिस्तान मुकाबले से पहले उज्जैन में विशेष अनुष्ठान: अंगारेश्वर मंदिर में टीम इंडिया की जीत की प्रार्थना, शाम 7 बजे कोलंबो में हाई-वोल्टेज टक्कर; श्रीलंकाई पिच और मौसम पर सबकी नजर
- महाशिवरात्रि पर उज्जैन उमड़ा आस्था का सैलाब: अब तक 2.20 लाख श्रद्धालु पहुंचे, आज 10 लाख का अनुमान
- महाशिवरात्रि से पहले महाकाल दरबार में अंतरराष्ट्रीय पुष्प सज्जा की शुरुआत: 40 से अधिक विदेशी फूलों से सजेगा परिसर; बेंगलुरु से आए 200+ कलाकार तैयारियों में जुटे
- उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर में तड़के विशेष पूजा-विधि: स्वस्ति वाचन के साथ खुले पट, राजा स्वरूप में सजा दरबार
- महाशिवरात्रि से पहले उज्जैन में हाई अलर्ट: देवास गेट से रेलवे स्टेशन तक संयुक्त सर्च ऑपरेशन, 100 पुलिसकर्मी पांच टीमों में तैनात
केरल में गैर ब्राह्मणों को पुजारी बनाने का विरोध, राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा
उज्जैन | केरल सरकार के अधीन केरल देवस्थान भर्ती बोर्ड ने केरल त्रावणकोर देवस्थानम बोर्ड के प्रबंधन वाले मंदिरों में 62 पुजारी पद नियुक्ति में 36 गैर ब्राह्मणों की अनाधिकृत और सनातन धर्म विरोधी नियुक्ति के विरोध में अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज ने राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन संभागायुक्त और कलेक्टर को सौंपा।
केरल सरकार ने सनातन हिंदू धर्म के मंदिरों में परंपरा व वेद शास्त्रों व पुराणों के विधान के खिलाफ जाकर वोट बैंक के लिए जो नियुक्तियां की हैं, उससे समूचे भारत का ब्राह्मण वर्ग आहत है। ज्ञापन में यह भी आरोप लगाया कि इस्कॉन भी ब्राह्मण दीक्षा के नाम पर सनातन धर्म और वैदिक परंपराओं के खिलाफ आयोजन कर रही है जबकि वेद शास्त्रों व पुराणों में ब्राह्मण दीक्षा का कहीं कोई उल्लेख नहीं है। पंं. सुरेंद्र चतुर्वेदी, जियालाल शर्मा, महेश पुजारी, शिवेंद्र तिवारी, रविंद्र भारद्वाज, उत्तम दुबे, योगेश शर्मा, ब्रह्मानंद दीक्षित आदि ने ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग कि केरल के मंदिरों में पुजारी नियुक्ति के इस धर्म विरुद्ध आचरण पर और इस्कॉन द्वारा आयोजित की जाने वाली ब्राह्मण दीक्षा के आयोजनों पर रोक लगाएं।