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महाकाल परिसर में है शहर का दूसरा शक्तिपीठ देवी अवंतिका
ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर के सभामंडप में विराजित देवी अवंतिका शहर का दूसरा शक्तिपीठ है। ज्यादातर लोग उज्जैन में एक मात्र हरसिद्धि का शक्तिपीठ होना जानते हैं लेकिन पौराणिक मान्यताओं के अनुसार उज्जैन में दो शक्तिपीठ होना बताए गए हैं। पहला हरसिद्धि और दूसरा अवंतिका देवी। उज्जैन में हरसिद्धि पर सती की कोहनी व अवंतिका देवी मंदिर पर होंठ गिरे थे। प्राचीनकाल में दोनों शक्तिपीठ टेकरी पर आमने-सामने हुआ करते थे।
उज्जैन की अधिष्ठात्री देवी
देवी अवंतिका उज्जैन की अधिष्ठात्री देवी हैं। इनके नाम से ही उज्जैन का प्राचीन नाम अवंतिका पड़ा था। अवंतिका देवी के पास महाकाल के होने से आज भी उज्जैनवासी महाकाल को अवंतिकानाथ भी कहते हैं। देवी के पास ही एक भैरव प्रतिमा भी विराजित है।