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सोमवती अमावस्या : शिप्रा के प्रमुख घाटों पर आस्था का स्नान
उज्जैन | सोमवती अमावस्या पर पंचक्रोशी से लौटे श्रद्धालुओं सहित अंचलों से आए ५० हजार से ज्यादा श्रद्धालुओं ने शिप्रा के रामघाट तथा सोमकुंड पर स्नान कर पुण्य लाभ लिया। रात से ही श्रद्धालु रामघाट- दत्त अखाड़ा घाट पर जमा थे। सुबह ४ बजे से पर्व स्नान का सिलसिला जारी है।
सोमवती अमावस्या पर पंचक्रोशी यात्रा की पूर्णता का संयोग होने से रामघाट, दत्त अखाड़ा सहित शिप्रा के प्रमुख घाटों पर स्नान के लिए श्रद्धालुओं का भारी जमावड़ा बना हुआ था। कड़ी धूप और ४० डिग्री तापमान के बावजूद श्रद्धालु यहां आस्थापूर्वक शिप्रा में सोमवती स्नान के लिए जुटे, वहीं ११ अप्रैल से शुरू हुई पंचक्रोशी यात्रा से लौटते श्रद्धालुओं ने अष्ठ तीर्थ यात्रा के साथ-साथ सोमवती अमावस्या पर्व स्नान का पुण्य लाभ अर्जित किया तथा यहां देव-दर्शन कर घरों को लौट गए।
पीपल वृक्ष के लगाए फेरे
सोमवती अमावस्या पर स्नान, दान पुण्य के साथ ही महिलाओं ने पीपल वृक्ष के फेरे लगाएं तथा धागा लपेटकर अपने परिवार के लिए सुख-समृद्धि की कामनाएं की।
बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर भीड़
सोमवती अमावस्या स्नान करने आए श्रद्धालुओं तथा पंचक्रोशी यात्रियों के लौटने के कारण बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर खचाखच भीड़ थी। ५ दिन की सवा सौ किलोमीटर पैदल यात्रा तय कर श्रद्धालुओं घरों को लौट रहे है।
कल से ही प्रशासन का पहरा
पुलिस बल के साथ-साथ नगर निगम तथा जिला प्रशासन ने पंचक्रोशी, सोमवती अमावस्या स्नानार्थियों के लिए पूछताछ केन्द्र, छांव के लिए कनात-शामयाने, पेयजल जगह-जगह सुरक्षा के लिए पुलिस बल के इंतजाम किए थे। रविवार से ही यहां कर्मचारियों को तैनात किया गया था।
सोमकुंड में फव्वारा स्नान
सोमवती अमावस्या पर रंजित हनुमान मार्ग स्थित सोमकुंड पर स्नान के लिए फव्वारें लगाए गए थे। यहां स्नान के साथ-साथ धर्मालुओं ने सोमेश्वर महादेव के दर्शन किए और पर्व स्नान तथा दान पुण्य का लाभ लिया।