- गंगा दशहरा पर महाकाल मंदिर में शुरू हुई 16 घंटे की अखंड नृत्य आराधना, शयन आरती तक कलाकार देंगे नृत्यांजलि
- महाकाल मंदिर का नंदी हॉल बदलेगा रूप, 20 लाख की लागत से होगा सौंदर्यीकरण; सावन से पहले पूरा करने की तैयारी
- महाकाल मंदिर में भस्म आरती के नाम पर फिर ठगी, गुजरात की दो महिलाओं से 42 हजार रुपए वसूले; पुलिस ने शुरू की जांच
- शनिचरी अमावस्या पर उज्जैन के शनि मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, 24 घंटे में 1000 लीटर से ज्यादा तेल चढ़ा; घाटों से हटाए गए कपड़े और जूते-चप्पल
- “मैं पापा के साथ जाऊंगा…”: उज्जैन कोर्ट में मासूम की जिद के बाद पिता संग भैरवगढ़ जेल पहुंचा 4 साल का बच्चा
उज्जैन:श्रीकृष्ण मय हुई भगवान की शिक्षा स्थली
आज पूरे देश के साथ शहर में भी भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का उत्सव जन्माष्टमी के रूप में मनाया जा रहा है। सुबह से श्रीकृष्ण मंदिरों में भगवान के दर्शनों के लिये श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। रात में घरों लोग भगवान का विशेष पूजन कर जन्म का उत्सव मनाएंगे।
छत्रीचौक स्थित गोपाल मंदिर में बीती रात 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव मनाया गया। यहां सुबह मां यशोदा की गोद में बाल गोपाल के रूप में भगवान ने दर्शन दिये। वहीं मंगलनाथ मार्ग स्थित सांदीपनि आश्रम में भी विशेष साज सज्जा के साथ भगवान का जन्मोत्सव मनाया गया। रात 12 बजे उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. मोहन यादव ने सांदीपनि आश्रम पहुंचकर भगवान की पूजा अर्चना की।
पं. रूपम व्यास ने बताया कि कोरोना के चलते इस वर्ष जन्माष्टमी पर मंदिर में कागज के फूलों का श्रृंगार किया गया है। यहां भी सुबह से दर्शनार्थियों की भीड़ लगी रही। वहीं दूसरी तरफ इस्कॉन मंदिर में एलईडी पर लोगों को भगवान के दर्शन की व्यवस्था की गई है। प्रमुख मंदिरों में भगवान श्रीकृष्ण का रात 12 बजे जन्मोत्सव मनाने के बाद आज रात जन्माष्टमी के अवसर पर लोग अपने-अपने घरों में भगवान का विशेष पूजन अर्चन करने के बाद जन्मोत्सव मनाएंगे।

