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उज्जैन के मेले में यह सामान खरीदने को हो जाएंगे विवश
कालिदास अकादमी परिसर में लगने वाले हस्तशिल्प मेले का उद्घाटन शुक्रवार शाम ६ बजे होगा। मेले में कश्मीरी शॉल, मफलर से लेकर असम की मनमोहक आकृतियां तक उपलब्ध रहेंगी। इसके अलावा कोल्हापुरी चप्पल, चंदेरी साड़ी, राजस्थानी मोजड़ी, सिल्क कुर्ते सहित ९ प्रदेशों के प्रसिद्ध हस्तशिल्प उत्पाद मुहैया होंगे। सभी जोन मिलाकर मेले में कुल ३५० दुकानें लगेगी। मेले में बनने वाले मंच से स्थानीय लोक कलाकार रोज शाम आकर्षक प्रस्तुतियां देंगे।
देव प्रबोधिनी एकादशी से शुरू हो रहे मेले का शुभारंभ संस्कृति मंत्री विजयलक्ष्मी साधौ, प्रभारी मंत्री सज्जनसिंह वर्मा व अन्य अतिथियों के हाथों होगा। गुरुवार को मेला परिसर में ही अन्य प्रदेशों के हस्तशिल्पी व स्थानीय व्यापारियों की लॉटरी निकालकर उन्हें दुकान आवंटित की गई। जिला पंचायत की अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी कीर्ति मिश्रा के अनुसार मेले में झूला व फूड जोन अलग से आरक्षित किया गया है।
इन प्रदेशों से आए हस्तशिल्पी
उप्र, महाराष्ट्र, राजस्थान, जम्मू-कश्मीर, गुजरात, असम, तेलंगाना, हरियाणा, छत्तीसगढ़ सहित मप्र के विभिन्न जिलों से हस्तशिल्पी मेले में अपने उत्पाद लेकर आएंगे। साथ ही कई नामी दुकानदार अपने व्यंजनों के स्टॉल भी यहां लगाएंगे। पूरे साल शहरवासियों को इस मेले का इंतजार ही इसीलिए रहता है क्योंकि यहां विविध तरह के उत्पाद देखने व खरीदने को मिल जाते हैं। परिसर में लगने वाले मेले में 350 दुकानें लगेगी । उज्जैन के मेले में यह सामान खरीदने को हो जाएंगे विवश ।
सिंगल यूज व प्लास्टिक डिस्पोजल फ्री रखें
जिला पंचायत प्रशासन ने सभी दुकानदार, व्यापारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपनी दुकानों पर सिंगल यूज प्लास्टिक व प्लास्टिक डिस्पोजल का उपयोग न करें। मेले में स्वच्छता बनाए रखने के साथ इस नियम का पालन हो इसके लिए एक टीम भी बनाई है। जिला पंचायत अध्यक्ष करण कुमारिया के अनुसार मेले में सफाई के समुचित इंतजाम के साथ कहीं भी धूल न रहे इसके लिए अधिकारियों को निर्देशित किया है।