- महाकाल लोक में फायर सेफ्टी ट्रेनिंग: सुरक्षाकर्मियों को सिखाए आग से बचाव के तरीके, एक्सटिंग्विशर चलाने की दी ट्रेनिंग
- महाकाल की भस्म आरती में स्नेहा राणा: 2 घंटे नंदी हॉल में बैठकर की आराधना, मंत्री संजय सिंह ने भी किए दर्शन
- सिंहस्थ 2028 की तैयारी: उज्जैन में 800 ‘आपदा मित्र’ होंगे तैनात, शिप्रा घाटों पर दी जा रही विशेष ट्रेनिंग
- जया किशोरी पहुंचीं महाकाल दरबार: नंदी हॉल में किया जाप, जल अर्पित कर लिया आशीर्वाद
- तड़के खुला महाकाल का दरबार: पंचामृत अभिषेक के बाद त्रिपुंड और मुकुट में सजे बाबा के दिव्य दर्शन, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
गुलाब खिला और गेंदा मुरझाया
उज्जैन। इस वर्ष मानसून में अच्छी बारिश के बाद खेतों में गेंदा और गुलाब की फसल लहलहा रही है। दूधतलाई स्थित फूल मण्डी में क्विंटलों फूल किसान लेकर आ रहे हैं लेकिन गेंदे के उचित भाव नहीं मिलने से किसानों के चेहरे मुरझा गये हैं, जबकि गुलाब के अच्छे भाव मण्डी में चल रहे हैं।
सुबह दूधतलाई स्थित फूल मण्डी में अलग-अलग क्वालिटी के गेंदा फूल क्विंटलों से बिकने आये। यहां अच्छी क्विालिटी के गेंदे की कीमत 10 रुपये किलो के लगभग रही, हालांकि बोली की शुरूआत 20 रुपये से हुई थी। इसी प्रकार सुर्ख गुलाब तो मण्डी में नहीं आ रहा लेकिन जो गुलाब के फूल मण्डी में पहुंच रहे हैं उनकी कीमत 80 से 100 रुपये किलो बनी हुई है। जो किसान गेंदे के फूल लेकर मण्डी पहुंचे उन्होंने चर्चा में बताया कि इस वर्ष मानसून में अच्छी बारिश होने के कारण गेंदे की पैदावार अच्छी हुई है। खेतों में बड़ी मात्रा में फूल लगे हैं। शहर के आसपास लगे ग्रामीण क्षेत्रों से किसान बड़ी संख्या में फूलों की पोटली बांधकर किसान मण्डी पहुंच रहे हैं। किसानों को उम्मीद थी कि त्यौहारी सीजन में मांग अधिक होने के कारण फूलों की अच्छी कीमत मिलेगी लेकिन आवक बढऩे के कारण फूलों के दाम भी कम ही बने हुए हैं।