- महाशिवरात्रि से पहले उज्जैन में हाई अलर्ट: देवास गेट से रेलवे स्टेशन तक संयुक्त सर्च ऑपरेशन, 100 पुलिसकर्मी पांच टीमों में तैनात
- महाशिवरात्रि पर महाकाल दर्शन के लिए डिजिटल कंट्रोल रूम, गूगल मैप से तय होगा आपका रास्ता: जाम लगते ही मैप से गायब होगा रूट, खाली पार्किंग की ओर मोड़ दिया जाएगा ट्रैफिक
- महाकाल मंदिर में अलसुबह भस्मारती की परंपरा, वीरभद्र के स्वस्तिवाचन के बाद खुले चांदी के पट; पंचामृत अभिषेक और राजा स्वरूप में हुआ दिव्य श्रृंगार
- सिंहस्थ 2028 की तैयारियों पर मुख्यमंत्री की सख्त समीक्षा, कहा - “काम में रुकावट नहीं चलेगी”; अधिकारियों को 24×7 सक्रिय रहने के दिए निर्देश
- महाकाल मंदिर में अलसुबह गूंजी घंटियां, वीरभद्र के कान में स्वस्तिवाचन के बाद खुले पट; भस्म अर्पण के बाद शेषनाग रजत मुकुट में सजे बाबा
लड्डू गोपाल के शृंगार के लिए पांच हजार तक की पोषाकें उपलब्ध
श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली उज्जैन में 25 अगस्त को जन्माष्टमी पर्व को लेकर मंदिरों और घरों में राधा-कृष्ण, लड्डू गोपाल के शृंगार से लेकर झांकियां-झूले सजाने की तैयारियां शुरू हो गई हैं। बाजार में भगवान के लिए मथुरा-वृंदावन की 100 रुपए से 5 हजार रुपए तक की आकर्षक पोषाकें बिकने आई हैं। जन्माष्टमी पर एक करोड़ रुपए का कारोबार होने की संभावना है।
पोषाकों के अलावा बांसुरी, पालना, मुकुट, मोरपंख, मोतियों की माला, रंगीन कागज, फ्लावर सहित जन्म के समय भोग के लिए माखन-मिश्री और पंजेरी जैसी पर्व से जुड़ी हर सामग्री के लिए पुराने गोपाल मंदिर से लेकर फ्रीगंज तक बाजारों में दुकानें सजी हैं। लोग जमकर खरीदारी में जुटे हैं। दुकानदारों की मानें तो इस वर्ष जन्माष्टमी पर दो-तीन दिनों में एक करोड़ रुपए का कारोबार होने का अनुमान है। महाकाल मंदिर चौराहे पर पूजन व सजावटी सामग्री के दुकान संचालक ने बताया लोग लड्डू गोपाल की प्रतिमाएं एवं जरी व मखमली पोषाकाें को ज्यादा खरीद रहे हैं। दुकानों पर 100 से 500 रुपए तक की पोषाकें लोग ज्यादा खरीद रहे है लेकिन बड़ी प्रतिमाओं के लिए 5 हजार रुपए और इससे अधिक कीमत की पोषाकें भी उपलब्ध हैं।