- महाशिवरात्रि से पहले महाकाल दरबार में अंतरराष्ट्रीय पुष्प सज्जा की शुरुआत: 40 से अधिक विदेशी फूलों से सजेगा परिसर; बेंगलुरु से आए 200+ कलाकार तैयारियों में जुटे
- उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर में तड़के विशेष पूजा-विधि: स्वस्ति वाचन के साथ खुले पट, राजा स्वरूप में सजा दरबार
- महाशिवरात्रि से पहले उज्जैन में हाई अलर्ट: देवास गेट से रेलवे स्टेशन तक संयुक्त सर्च ऑपरेशन, 100 पुलिसकर्मी पांच टीमों में तैनात
- महाशिवरात्रि पर महाकाल दर्शन के लिए डिजिटल कंट्रोल रूम, गूगल मैप से तय होगा आपका रास्ता: जाम लगते ही मैप से गायब होगा रूट, खाली पार्किंग की ओर मोड़ दिया जाएगा ट्रैफिक
- महाकाल मंदिर में अलसुबह भस्मारती की परंपरा, वीरभद्र के स्वस्तिवाचन के बाद खुले चांदी के पट; पंचामृत अभिषेक और राजा स्वरूप में हुआ दिव्य श्रृंगार
सूखा गंभीर… 25 मजदूर तेज धूप में घुटनों तक कीचड़ में बना रहे चैनल ताकि हमारे घर तक आ सके पानी
उज्जैन :- हमारे घरों में पानी आ सके, इसके लिए गंभीर नदी के भीतर चैनल कटिंग करने के लिए 25 मजदूर दिनभर कीचड़ में लथपथ हो रहे हैं। गंभीर में अब कहीं-कहीं गड्ढो में पानी है। इस पानी को चैनल कटिंग कर डेम की धारा में मिलाया जा रहा है। गंभीर में सोमवार को केवल 38 एमसीएफटी पानी बचा है। इससे तीन दिन पानी लिया जा सकता है। इसलिए शहर की जलप्रदाय व्यवस्था अब केवल शिप्रा पर ही निर्भर हो गई है।
15 किलोमीटर दूर तक चैनल कटिंग
15 किमी दूर नाहरखेड़ी से 800 मीटर, 11 किमी दूर असलाना व भोंडवास के बीच 500 मीटर, 9 किमी दूर चिकली श्मशान के 100 मीटर और 3 किमी दूर खड़ोतिया पुल से 25 मीटर की चैनल काट कर पानी डेम तक पहुंचाया जा रहा है। 25 मजदूर 8 घंटे पानी में काम कर गड्ढों के पानी को डेम तक लाने की मशक्कत कर रहे हैं। पानी को आगे जाने के लिए रास्ता बनाना, कीचड़ मिट्टी को हटाना इनका काम है। प्रभारी राजीव शुक्ला के अनुसार हर जगह से पानी लाया जा रहा है।