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2 दिन ही तपा नौतपा और खत्म:18 तक उज्जैन आ सकता है मानसून, 103 फीसदी बारिश का अनुमान
नौतपा गुरुवार को खत्म हो गया। केवल दो दिन पारा 40 डिग्री तक पहुंचा बाकी दिन सुकून से गुजरे। तीन दिन बारिश भी हुई। पश्चिमी विक्षोभ, चक्रवात के असर ने नौतपा के तेवर भी नर्म कर दिए। मौसम विभाग भोपाल के राडार प्रभारी वेदप्रकाश का कहना है कि ताऊ-ते तूफान और चक्रवाती तूफान यास के कारण नमी आ रही थी।
इससे बादलों की आवाजाही भी जारी रही। यही वजह है कि इस बार नौतपा में आसमान से आग नहीं बरसी। आने वाले चौबीस घंटे के दौरान हल्की बारिश के आसार हैं। दिन में आसमान साफ रहेगा। शाम ढलने के बाद हवा का रुख भी बदलने लगेगा। दिन में गर्म हवा से सामना होगा। रात में तापमान बढ़ने का क्रम जारी रहेगा। मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि केरल में 3 जून को मानसून की आमद हो गई है। एक जैसी रफ्तार से मानसून आगे बढ़ा तो 18 से 22 जून तक यह नीमच को छोड़कर उज्जैन संभाग को कवर कर लेगा।
22 तक नीमच को छोड़ उज्जैन संभाग को कवर कर लेगा
शहर में मानसून का आगमन तय समय पर ही होगा। मौसम विभाग भोपाल का पूर्वानुमान है कि केरल में 3 जून को मानसून की आमद हो गई है। एक जैसी रफ्तार से मानसून आगे बढ़ा तो 18 से 22 जून तक यह नीमच को छोड़कर उज्जैन संभाग को कवर कर लेगा।
मौसम विभाग भोपाल के राडार प्रभारी वेदप्रकाश के अनुसार केरल के ऊपर दक्षिण पश्चिम मानसून के 3 जून को केरल के ऊपर आगमन के अगले दो दिनों में दक्षिणी भारत के अन्य क्षेत्रों में बढ़ने की संभावना है। इस बार 103 फीसदी बारिश होने का अनुमान भी लगाया गया है। मानसून क्षेत्र में दक्षिण अंडमान सागर के ऊपर प्रारंभिक मानसून वर्षा का अनुभव होता है। मानसूनी हवा उसके बाद बंगाल की खाड़ी के पार उत्तर पश्चिम में आगे बढ़ती हैं। मानसून के आरंभ, प्रगति की नई सामान्य तिथियों के अनुसार दक्षिण पश्चिम मानसून 22 मई को अंडमान सागर के ऊपर आगे बढ़ा है।