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5 से 7 जनवरी तक शैव महोत्सव में होंगे 11 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन
उज्जैन. शैव महोत्सव (द्वादश ज्योतिर्लिंग समागम) के दौरान शहरवासियों को देश के अन्य ११ ज्योतिर्लिंग के दर्शन होंगे। ज्योतिर्लिंग संबंधित राज्यों की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं के साथ पूजन पद्धति की झलक देखने का अवसर प्राप्त होगा। इसके लिए तैयारी की जा रही है।
संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार, मप्र शासन तथा संस्कृति मंत्रालय भोपाल और महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से 5 से 7 जनवरी तक शैव महोत्सव (द्वादश ज्योतिर्लिंग समागम) का आयोजन किया जा रहा है। समारोह की भव्यता के लिए उद्घाटन अवसर पर शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसके लिए प्रारंभिक तैयारियों पर मंथन होने लगा है।
प्रतिनिधि के तौर पर मुख्यमंत्रियों को आमंत्रण
बताया जाता है कि महोत्सव के उद्घाटन समारोह और शोभायात्रा में राज्य के प्रतिनिधि के तौर पर उनके मुख्यमंत्रियों को शामिल करने पर भी विचार किया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार इसके लिए भोपाल स्तर पर कार्रवाई करने के लिए आयोजन समिति और मप्र शासन के अधिकारियों की बैठक होगी। इसके बाद ही अंतिम निर्णय होगा।
एक झांकी के साथ तीन दल
शैव महोत्सव की शोभायात्रा के लिए महाकालेश्वर और देश के अन्य ११ ज्योतिर्लिंग की प्रतिकृति को शामिल करने की योजना है। इसने साथ तीन दल रहेंगे। इसमें धार्मिक,सांस्कृतिक और इन मंदिरों की पूजन परंपराओं को प्रदर्शित करने वाले दल होगे। इसके लिए सभी ज्योतिर्लिंग के प्रमुखों व राज्य सरकारों से संपर्क किया जाएगा।
विभिन्न विषयों पर मंथन
शैव महोत्सव में विद्वत गोष्ठी, सभी मंदिरों के अधिदैविक, अधिभौतिक व आध्यात्मिक महात्मय, पूजन एवं परम्पराओं चर्चा की जाएगी। कर्मकांड, वेद-वेदांग, प्रबंधन सामाजिक समरसता आदि विषयों पर संगोष्ठी व विभिन्न सत्रों के माध्यम से मंथन किया जाएगा। ज्योतिर्लिंग मंदिर प्रबंध समिति द्वारा सभी मंदिरों की अनादिकाल से चली आ रही पूजा-पद्धति, उत्सवों परंपराओं का संग्रह कर एक पुस्तक का प्रकाशन भी किया जाएगा।