- संत रविदास जयंती पर उज्जैन में एक साथ जुटे संत और समाज, 2121 दीपकों की रोशनी में जगमगाया शिप्रा तट
- महाकाल मंदिर पहुंचीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष अल्का लांबा, मीडिया से बोलीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष— नाम में भगवान जोड़ना काफी नहीं, सवाल ये है कि काम क्या किया जा रहा है
- उज्जैन में शिप्रा आरती को मिलेगा नया स्वरूप, रामघाट को वैश्विक पहचान देने की तैयारी; रोज होने वाली शिप्रा आरती बनेगी धार्मिक पर्यटन का केंद्र
- सुबह की पहली घंटी के साथ खुले महाकाल के पट, भस्म आरती में दिखा राजा स्वरूप
- महाकाल दरबार में भस्म आरती की अलौकिक छटा: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधिविधान के साथ संपन्न हुई आराधना, बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
उज्जैन:8 अप्रैल से पेंडिंग रिपोर्ट आज आई है घबराने की आवश्यकता नहीं
उज्जैन । उज्जैन शहर एवम जिले में आज 22 अप्रैल को कुल 20 व्यक्तियों की कोरोनावायरस की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है ।
इनमें 13 व्यक्तियों की रिपोर्ट 14 अप्रैल से ,चार व्यक्तियों की 15 अप्रैल से तथा तीन व्यक्तियों की 18 अप्रैल से पेंडिंग थी . आज एक साथ 20 रिपोर्ट पॉजिटिव आने से किसी को घबराने की आवश्यकता नहीं है ।
प्रशासन पूर्ण सजगता के साथ कर्फ्यू एवम एवं लॉक डाउन का गंभीरता से पालन करवा रहा है। साथ ही यह पुरजोर प्रयास भी किए जा रहे हैं कि कोरोनावायरस का फैलाव नए क्षेत्रों में ना हो ।
कलेक्टर शशांक मिश्र ने बताया कि आज जिनकी की रिपोर्ट आई है उनमें से आठ व्यक्ति ऐसे हैं जो पूर्व के कंटेंटमेंट एरिया में रह रहे थे उनको प्रारंभिक लक्षण आने पर क्वॉरेंटाइन कर दिया गया था। इसी के साथ प्रशासन द्वारा डोर टू डोर सर्वे एवं कंटेंटमेंट एरिया के लगे हुए क्षेत्रों में सर्वे कराया गया ।
सर्दी खांसी के गम्भीर मरीजो को चिन्हित कर उनके सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे । इन लोगो को पहले से ही चिन्हित कर उनको होम क्वारन्टीन कर दिया गया था। इसलिए शहर में कोरोना वायरस का अनियंत्रित फैलाव नहीं हुआ है . उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन निरंतर प्रभावित क्षेत्रों में पेट्रोलिंग कर लोगों को घरों में रहने के लिए कह रहा है।
कलेक्टर ने आमजन से अपील की है कि वह घबराएं नहीं और जिला प्रशासन का सहयोग करते हुए अपने अपने घरों में रहकर कर्फ्यू व लॉक डाउन का पालन करें और कोरोनावायरस से स्वयम को बचाये । उन्होंने साथ ही कंटेंटमेंट क्षेत्र के नागरिकों को आश्वस्त किया है कि उनके दैनिक जरूरत की वस्तुएं की आपूर्ति क्षेत्र में निरंतर होती रहेगी .साथ ही चिकित्सा संबंधी आकस्मिकताओं का भी ध्यान रखा जाएगा।