- संत रविदास जयंती पर उज्जैन में एक साथ जुटे संत और समाज, 2121 दीपकों की रोशनी में जगमगाया शिप्रा तट
- महाकाल मंदिर पहुंचीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष अल्का लांबा, मीडिया से बोलीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष— नाम में भगवान जोड़ना काफी नहीं, सवाल ये है कि काम क्या किया जा रहा है
- उज्जैन में शिप्रा आरती को मिलेगा नया स्वरूप, रामघाट को वैश्विक पहचान देने की तैयारी; रोज होने वाली शिप्रा आरती बनेगी धार्मिक पर्यटन का केंद्र
- सुबह की पहली घंटी के साथ खुले महाकाल के पट, भस्म आरती में दिखा राजा स्वरूप
- महाकाल दरबार में भस्म आरती की अलौकिक छटा: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधिविधान के साथ संपन्न हुई आराधना, बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
कलेक्टर के साथ मीटिंग कर एडवांस तैयारी करे बिजली कंपनी
बाढ़ के लिए रेस्क्यू की पूरी तैयारी पूर्व से ही रहे। ऐसे स्कूल जहां राहत शिविर लगाए जा सकते हैं उन्हें चिह्नित किया जाएं। गोताखोर, स्टीमर, लाईफ जैकेट, नाइट लाइट, टॉर्च, रस्सी की व्यवस्था भी करके रखी जाएं। साथ ही स्वास्थ अमला तैयार रहे। बिजली कंपनी के अधिकारी कलेक्टर्स के साथ मीटिंग कर एडवांस तैयारी करें। ताकि बाढ़ के दौरान किसी भी स्थिति में बिजली आपूर्ति बाधित न हो। पोल पानी में न गिरें या डूबे।
ये निर्देश संभागायुक्त आनंद कुमार शर्मा ने दिए। वे बुधवार को संभाग की सिंचाई परियोजनाओं से जल निकासी के लिए निगरानी समिति की बैठक ले रहे थे। संभागायुक्त ने निर्देश दिए कि राहत शिविरों में राशन की भी पर्याप्त व्यवस्था रहे। उन्होंने सभी कलेक्टर्स को कहा कि जिन स्थानों पर रेस्क्यू की आवश्यकता पड़ेगी। वहां पृथक से एक टीम एवं कर्मचारियों की तैनाती की जाएं। निजी गोताखोर, होमगार्ड के जवान तैनात रहें।
गांवों में एनाउंसमेंट के लिये टीम बनाई जाएं।