- संत रविदास जयंती पर उज्जैन में एक साथ जुटे संत और समाज, 2121 दीपकों की रोशनी में जगमगाया शिप्रा तट
- महाकाल मंदिर पहुंचीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष अल्का लांबा, मीडिया से बोलीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष— नाम में भगवान जोड़ना काफी नहीं, सवाल ये है कि काम क्या किया जा रहा है
- उज्जैन में शिप्रा आरती को मिलेगा नया स्वरूप, रामघाट को वैश्विक पहचान देने की तैयारी; रोज होने वाली शिप्रा आरती बनेगी धार्मिक पर्यटन का केंद्र
- सुबह की पहली घंटी के साथ खुले महाकाल के पट, भस्म आरती में दिखा राजा स्वरूप
- महाकाल दरबार में भस्म आरती की अलौकिक छटा: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधिविधान के साथ संपन्न हुई आराधना, बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
सप्तसागर यात्रा और दान
- रूद्र सागर: हरसिद्धि पाल पर स्थान है। नमक और नंदी (बैल) की मूर्ति का दान है।
- पुष्कर सागर: नलिया बाखल में कुण्ड है, पीला वस्त्र, चना दाल व स्वर्ण का दान है।
- क्षीर सागर: नई सड़क पर तालाब है, साबूदाने की खीर और पात्र का दान है।
- गोवर्धन सागर: निकास चैराहे के पास तालाब है। माखन मिश्री, पात्र में गेहूं, गुड़, लाल वस्त्र तथा पुरूष के वस्त्र को दान है।
- रत्नाकर सागर: ओंडासा गाँव में तालाब है। पंचरत्न, स्त्री के श्रृंगार की वस्तुएँ तथा स्त्री के वस्त्रों का दान।
- विष्णु सागर: अंकपात राम लक्ष्मण मंदिर के पीछे सागर पर विष्णु की मूर्ति, पूजन के पंच पात्र का दान है।
- पुरुषोत्तम सागर: अंकपात दरवाजे के पास का तालाब, इसे सोलह सागर भी कहते हैं। यहाँ चालनी में मालपुआ का दान होता है।