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महर्षि पाणिनि विश्वविद्यालय को NAAC से A ग्रेड प्राप्त, उज्जैन में जश्न का माहौल; 16 साल में पहली बार हुआ NAAC मूल्यांकन
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
उज्जैन स्थित महर्षि पाणिनि संस्कृत एवं वैदिक विश्वविद्यालय ने अपने शैक्षणिक इतिहास में एक नई उपलब्धि हासिल की है। विश्वविद्यालय को पहली बार राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (NAAC) से A ग्रेड मिला है। गुरुवार को नैक की आधिकारिक वेबसाइट पर यह महत्वपूर्ण घोषणा की गई, जिससे विश्वविद्यालय में हर्ष और उल्लास का वातावरण बन गया। कुलगुरु प्रो. विजय कुमार सी.जी. के नेतृत्व में शिक्षकों, छात्रों और कर्मचारियों ने इस सफलता का जश्न मनाया।
दो वर्षों की कड़ी मेहनत रंग लाई
2008 में स्थापित महर्षि पाणिनि संस्कृत एवं वैदिक विश्वविद्यालय ने पहली बार नैक मूल्यांकन के लिए आवेदन किया था। इस मूल्यांकन की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा करने के लिए पिछले दो वर्षों से गहन तैयारी की जा रही थी। वर्तमान कुलगुरु प्रो. विजय कुमार सी.जी. के निर्देशन में विश्वविद्यालय ने अपनी सेल्फ स्टडी रिपोर्ट (SSR) मई 2024 में तैयार की थी। इसके बाद, 13 से 15 फरवरी 2025 के बीच नैक की टीम ने विश्वविद्यालय का गहन निरीक्षण किया और विभिन्न शैक्षणिक, शोध और प्रशासनिक मापदंडों पर मूल्यांकन किया।
पांच वर्षों तक मान्य रहेगा यह ग्रेड
नैक द्वारा प्रदत्त A ग्रेड अब अगले पांच वर्षों तक मान्य रहेगा, जिससे विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठा और गुणवत्ता में और अधिक वृद्धि होगी। कार्यपरिषद सदस्य गौरव धाकड़ ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि “यह सफलता कुलगुरु, कुलसचिव और समस्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।”
उल्लेखनीय है कि विश्वविद्यालय के पहले कुलपति डॉ. मोहन गुप्त थे, और अब तक इस विश्वविद्यालय में छह कुलगुरु पदस्थ हो चुके हैं। हालांकि, इससे पहले कभी भी नैक मूल्यांकन नहीं कराया गया था। यह पहली बार है जब विश्वविद्यालय ने इस प्रक्रिया में भाग लिया और पहली ही बार में A ग्रेड प्राप्त कर अपने उत्कृष्ट शैक्षणिक मानकों को सिद्ध किया।