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अब प्रोफेसरों ने संभाला मोर्चा, तीन चेकिंग के बाद परीक्षा-कक्ष में प्रवेश
उज्जैन | देवासगेट स्थित शासकीय माधव कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में बाहरी तत्वों पर नकेल कसने के लिए कॉलेज के सभी प्रोफेसर्स एकजुट हो गए हैं। परीक्षा के दौरान खुलेआम हो रही नकल का मामला उजागर होने के बाद कॉलेज में पहली बार स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) आैर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी लेकिन शहर में हुई अन्य घटनाओं के मद्देनजर पुलिस व एसटीएफ का दो दिनों से यहां पहरा हट चुका है।
पुलिस का पहरा हटने के बाद कॉलेज के प्रोफेसर्स ने ही हिम्मत दिखाते हुए सुरक्षा की कमान संभाली है। कॉलेज के मुख्य द्वार पर चार प्रोफेसर्स का दल लगाया गया है, जिसमें एक महिला प्राध्यापिका भी शामिल हैं। इस द्वार पर चेकिंग के बाद कॉलेज के अंदर प्रवेश दिया जा रहा है। गुरुवार को हुई परीक्षा में भी प्रोफेसर्स ने सख्ती के साथ यहां से बाहरी तत्वों को अंदर प्रवेश नहीं करने दिया। मुख्य द्वार के बाद कॉलेज के भीतर भी चार प्रोफेसर्स आैर एक कर्मचारी की ड्यूटी लगाई है। यहां भी विद्यार्थी को चेकिंग से गुजरने के बाद ही अंदर प्रवेश दिया जा रहा है। इसके बाद कॉलेज भवन के अंदर भी एक चेकिंग पाइंट बनाया गया है। प्रोफेसर्स की इस सख्ती के असर के कारण ही गुरुवार को यहां कोई भी नकल प्रकरण नहीं बना।
चेकिंग के अलावा सीसीटीवी से भी निगरानी
विद्यार्थियों की तीन स्थानों पर चेकिंग के बाद उनकी अन्य तरीकों से भी निगरानी की जा रही है। कॉलेज प्राचार्य डॉ. बीएस मक्कड़ ने बताया कॉलेज में अलग-अलग स्थानों पर लगे एक दर्जन से अधिक सीसीटीवी कैमरों से भी परीक्षा की पूरी मॉनीटरिंग की जा रही है। यह व्यवस्था पूरी परीक्षा के दौरान लागू रहेगी। परीक्षा के दिनों में कक्षाएं भी नहीं लगाई जा रही हैं। ताकि विद्यार्थी बनकर आने वाले बाहरी तत्वों पर पूरी तरह नकेल कसी जा सके।