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माधव क्लब का बार अब चुनाव बाद ही खुल सकेगा
उज्जैन। माधव क्लब का बार अब संभवत: चुनाव बाद ही खुल सकेगा। यहां एक ही दिन में दो बार आचार संहिता का खुला उल्लंघन हुआ। प्रशासन की अनुमति के बाद हुई कार्रवाई की शहरभर में चर्चा है। पता लगा है कि यहां किसी राजनीतिक दल के पक्ष में वोटिंग कराने के लिए क्लब सदस्यों और अन्य को शराब परोसी जा रही थी। आबकारी पुलिस की कार्रवाई की भनक लगते ही आरोपी फरार हो गये। यहीं बाद में नीलगंगा पुलिस ने भी आचार संहिता के चलते देर रात तक साउंड सिस्टम चलाने का मामला भी दर्ज किया है।
शहर का सबसे चर्चित माधवक्लब एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। यहां शनिवार की रात को आबकारी टीम ने दबिश देकर शराब की बोतले और ग्लास में सर्व की गई शराब भी बरामद की। आबकारी पुलिस के अधिकारी आरएच पचौरी, निरीक्षक आरके शुक्ला, रमेशचन्द्र सिसौदिया और माधुरी गामड ने बार को सील कर दिया। पता चला है कि इस कार्रवाई की एनवक्त पर बार संचालक को सूचना मिल गई थी, जिसके बाद वह फरार हो गया। मौके पर पुलिस को कितने लोग शराब पीते मिले, इस बात की कोई जानकारी आबकारी पुलिस नहीं दे रही है।
यहीं नीलगंगा पुलिस की एफएसटी टीम ने माधव क्लब में आरोपी मनीष सिंह पिता कैलाश और कुलदीप गौर निवासी दशहरा मैदान के खिलाफ देर रात तक साउंड सिस्टम बजाकर आदर्श आचार संहिता उल्लंघन करने का मामला दर्ज किया है। पुलिस के उनि एनएस अंडेरिया ने बताया कि फिलहाल आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया। आरोपी जल्द ही गिरफ्तार कर लिये जाएंगे।