- स्वस्ति वाचन के बाद खुले चांदी के पट, महाकाल का हुआ पंचामृत अभिषेक; भांग-चंदन और गुलाब माला से हुआ दिव्य श्रृंगार!
- भारत-इंग्लैंड सेमीफाइनल से पहले उज्जैन में प्रार्थना: शिवलिंग के सामने रखी खिलाड़ियों की तस्वीरें, क्रिकेट फैंस ने मांगा आशीर्वाद
- ड्यूटी के बाद रंगों में डूबी उज्जैन पुलिस: कलेक्टर-एसपी ने जवानों संग मनाई होली, ढोल-डीजे पर थिरके अफसर और जवान
- वीरभद्र के कान में स्वस्ति वाचन के बाद शुरू हुई भस्म आरती की प्रक्रिया: रजत मुकुट और मुण्डमाला में सजे महाकाल, भोर में उमड़ा आस्था सागर!
- चैत्र मास की पहली जत्रा शुरू, चिंतामण गणेश मंदिर में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब; प्रशासन ने किए विशेष इंतजाम
इस बार श्रावण मास दो महीने का रहेगा, देशभर से लाखों श्रद्धालु महाकाल दर्शन के लिए आयेंगें।
श्रावण मास इस बार दो महीने रहेगा। अधिकमास होने से 60 दिन का श्रावण मास रहेगा और देशभर से लाखों श्रद्धालु महाकाल के दर्शन करने के लिए उज्जैन आयेंगें। खुशी की बात यह है लाखों श्रद्धालु भगवान महाकाल की दिव्य भस्मारती के निःशुल्क दर्शन भी कर सकेंगे।
मंदिर के प्रशासक संदीप सोनी ने बताया कि समिति श्रावण के अधिकमास और भादौ मास में भी चलित भस्मारती दर्शन व्यवस्था को जारी रखेगी। इसे बंद नहीं किया जाएगा। क्योंकि श्रावण के अधिकमास में लाखों की संख्या में श्रद्धालु आएंगे। सभी को एक स्थान पर बैठाकर आरती दर्शन कराना संभव नहीं होगा। इसलिए चलित दर्शन जारी रखेंगे। जितने लोगों को अनुमति मिल जाएगी वे बैठकर आरती देखेंगे तथा शेष बड़ी संख्या में श्रद्धालु चलित दर्शन का लाभ भी ले सकेंगे। इसके लिए श्रद्धालु को मंदिर समिति से पूर्व से अनुमति लेने की भी जरूरत नहीं होगी। यह निर्णय मंदिर प्रबंध समिति ने हाल ही में कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम की अध्यक्षता में हुई बैठक में लिया।