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जान जोखिम में डालकर शिप्रा में स्नान कर रहे लोग
अमावस्या होने के कारण सैकड़ों की संख्या में लोग रामघाट स्नान व पूजन अर्चन करने पहुंचे। यहां नदी में पानी छोटे पुल के ऊपर बह रहा था बावजूद इसके जान जोखिम में डालकर लोग तैरते नजर आये जिन्हें रोकने के लिये कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं था। कहने को रामघाट पर पुलिसकर्मी, होमगार्ड जवानों और तैराक दल को तैनात किया जाता है ताकि बाहर से आने वाले लोगों को पानी की गहराई के बारे में बताकर संभावित दुर्घटनाओं को रोका जा सके, आज सुबह सैकड़ों की संख्या में लोग अमावस्या पर स्नान करने पहुंचे।शिप्रा के अधिकांश घाट बाढ़ के पानी में डूबे थे बावजूद इसके लोग जान जोखिम में डालकर नहा रहे थे, जबकि उन्हें नदी की गहराई और पानी की अधिकता की कोई जानकारी नहीं थी। महाकाल पुलिस का कहना था कि नदी में पानी बढऩे के बाद मुल्लापुरा और दानीगेट क्षेत्र में दो पुलिसकर्मी वाहनों का आवागमन रोकने के लिये तैनात किये गये हैं।