- गंगा दशहरा पर महाकाल मंदिर में शुरू हुई 16 घंटे की अखंड नृत्य आराधना, शयन आरती तक कलाकार देंगे नृत्यांजलि
- महाकाल मंदिर का नंदी हॉल बदलेगा रूप, 20 लाख की लागत से होगा सौंदर्यीकरण; सावन से पहले पूरा करने की तैयारी
- महाकाल मंदिर में भस्म आरती के नाम पर फिर ठगी, गुजरात की दो महिलाओं से 42 हजार रुपए वसूले; पुलिस ने शुरू की जांच
- शनिचरी अमावस्या पर उज्जैन के शनि मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब, 24 घंटे में 1000 लीटर से ज्यादा तेल चढ़ा; घाटों से हटाए गए कपड़े और जूते-चप्पल
- “मैं पापा के साथ जाऊंगा…”: उज्जैन कोर्ट में मासूम की जिद के बाद पिता संग भैरवगढ़ जेल पहुंचा 4 साल का बच्चा
मंगलवार भस्म आरती दर्शन:भगवान महाकाल का भांग, चंदन, त्रिपुंड अर्पित कर केसरी नंदन के स्वरूप में श्रृंगार
श्री महाकालेश्वर मंदिर में मंगलवार तड़के 4 बजे पट खोलने के पश्चात भस्म आरती से पहले बाबा महाकाल जल से अभिषेक कर स्नान कराया गया। मंत्रोच्चार के साथ दूध, दही, घी, शक्कर रस के पंचामृत से अभिषेक पूजन कर भगवान महाकाल का भांग, चंदन, त्रिपुंड अर्पित कर केसरी नंदन स्वरूप में श्रृंगार किया गया।
भांग,चन्दन,सूखे मेवे, सिंदूर और आभूषण मस्तक पर ,सिर पर शेषनाग का रजत मुकुट, रजत की मुण्डमाल और रुद्राक्ष की माला के साथ साथ सुगन्धित पुष्प से बनी फूलों की माला अर्पित की गयी। फलों और मिष्ठान का भोग लगाया भस्म आरती में बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल का आशीर्वाद लिया।
महा निर्वाणी अखाड़े की और से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गयी। मान्यता है की भस्म अर्पित करने के बाद भगवान निराकार से साकार रूप में दर्शन देते है।