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राहत की बात:17 महीने बाद आज से 6ठी से 8वीं के बच्चे भी जाएंगे स्कूल
तमाम कवायदों कयासों के बीच आखिरकार 17 माह बाद बुधवार को 1 सितंबर से मिडिल यानी 6ठी से 8वीं तक की कक्षाएं लगना शुरू हो रही है। प्रदेशभर में कोरोना संक्रमण के कम होते मामलों के बाद मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने तीन दिन पहले मिडिल स्कूल खोलने सहित पहले से चल रही 9वीं से 12वीं की कक्षाओं को सप्ताह भर संचालित करने के निर्देश जारी कर दिए। इसमें दो साल से घर में रहकर पढ़ाई कर रहे बच्चों में भी हर्ष का माहौल बन गया।
इससे पहले वर्ष 2019 में जुलाई महीने में नियमित कक्षाएं लगाई थी। वहीं गत वर्ष कोरोना संक्रमण के चलते अक्टूबर से कक्षाओं का संचालन शुरू हो पाया था। 17 महीने बाद शुरू हो रही मिडिल स्कूल की कक्षाओं के संचालन के लिए मक्सी के शासकीय और अर्धशासकीय विद्यालयों में 31 अगस्त को दिनभर तैयारियां चलती रही। सभी विद्यालय कक्षाओं की साफ सफाई, बैठक व्यवस्था दुरुस्त करने और कक्षाओं को सैनिटाइज करने में जुटे रहे।
मक्सी के 18 सरकारी और 23 प्राइवेट स्कूलों में पढ़ाने वाले 1200 से ज्यादा शिक्षकों को लगी कोरोना पहली डोज
सरकार द्वारा 1 सितंबर से सप्ताह में 6 दिन तक संचालित करने व मिडिल स्कूल लगाने से पहले अभिभावकों की अनुमति लेने के निर्देश दिए हैं। बच्चों को स्कूल भेजने वाले मक्सी नगर के अभिभावकों के लिए मक्सी संकुल के अंतर्गत आने वाले विद्यालयों से राहत भरी खबर है। मक्सी संकुल के अंतर्गत 1200 से ज्यादा शिक्षक-शिक्षिकाओं और सपोर्टिंग स्टाफ, ड्राइवर को कोरोना की पहली डोज लग गई है।
वहीं ओर 40% स्टाफ ने दूसरी डोज लगवा ली है। सप्ताह में 6 दिन तक विद्यार्थियों की 50% क्षमता के साथ होगी पढ़ाई, पालकों से अनुमति ले रहे
शासकीय और निजी विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों के पालकों को बुलाकर विद्यालय के लेटर पेड पर अनुमति ले रहे हैं। हालांकि अभी ऐसे पालकों की संख्या कम है, लेकिन विद्यालय खुलने और नियमित कक्षाओं के संचालन के बाद यह संख्या बढ़ सकती है। वहीं कोरोना गाइड लाइन का पालन करते हुए कक्षाओं और स्कूल प्रांगण को सैनिटाइज भी किया जा रहा है।
प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन सोपाक्स के जिलाध्यक्ष अखिलेश मंडलोई के अनुसार 1 सितंबर से केवल उन्हीं शिक्षकों को विद्यालय बुलाया गया है जिन्हें वैक्सीन लगाई जा चुकी है। यही नियम स्कूल में सेवाएं देने वाले अन्य स्टाफ पर लागू किया गया है।