- मानसून सत्र का समापन: मुख्यमंत्री ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां, विकास और जनकल्याण पर दिया विशेष जोर
- VIDEO: इंस्टाग्राम दोस्ती से शुरू हुआ हनीट्रैप का खेल, बेटे को छुड़ाने पिता पहुंचे; अश्लील वीडियो बनाकर 26 लाख की फिरौती मांगने वाले गिरोह का खुलासा
- महाकाल की पहली सवारी को लेकर प्रशासन की तैयारी तेज, 30 जुलाई तक पूरे होंगे मार्ग विकास कार्य
- महाकाल की भस्म आरती में पहुंचीं टीवी एक्ट्रेस रूपाली गांगुली, नंदी हॉल में बैठकर किए बाबा के दर्शन, बोलीं- महाकाल की कृपा से हूं यहां तक
- श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग भस्म आरती शृंगार दर्शन 23-07-2026
सवारी के दौरान शिप्रा में डूब रहे पांच श्रद्धालुओं को बचाया
उज्जैन । श्रावण की अंतिम सवारी के दौरान सोमवार को बड़ा हादसा होने से टल गया। शिप्रा में पांच लोग डूब रहे थे, जिन्हें होमगार्ड की टीम ने बचा लिया। इनमें एक दंपती भी शामिल है। ये हालात तब है जब 26 जुलाई को टीएल बैठक में कलेक्टर संकेत भोंडवे ने लगातार हो रहे ऐसे हादसों को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए इन्हें रोकने के लिए कदम उठाने के निर्देश दिए थे। सवारी देखने के लिए रामघाट व दत्त अखाड़ा घाट पर काफी भीड़ थी। इसी बीच दत्त अखाड़ा घाट के समीप तीन युवक स्नान के दौरान गहरे पानी में डूबने लगे। हाथ-पैर मारते देख जनता ने चिल्लाना शुरू किया, तभी नदी में रबर बोट में घूम रही होमगार्ड की रेस्क्यू टीम की नजर भी इन पर पड़ी और वे तत्काल इन्हें बचाने के लिए पहुंचे। मशक्कत के बाद तीनों युवकों को बाहर निकाला। इसके कुछ देर बाद ही एक दंपती भी स्नान करने के दौरान गहरे पानी में चले गए। इन्हें भी होमगार्ड की टीम ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया। होमगार्ड की टीम में प्लाटून कमांडर रघुराज सिंह, हवालदार सचिन पुरे, सैनिक सुरेश, मुंशीखान, राशिद खान और अंबाराम नागर शामिल थे।
इसलिए होते हैं हादसे
शिप्रा में अधिकतर बाहर के श्रद्धालु स्नान के लिए आते हैं, जिन्हें अंदाजा नहीं रहता है कि पानी कितना गहरा है। वे अंजाने में गहरे पानी में चले जाते हैं, इस कारण हादसे होते हैं।