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9 माह के मासूम बच्चे को फूल विक्रेता को सौंपकर पति को चकमा देकर भागी महिला
उज्जैन। चकरावदा में रहने वाली 19 वर्षीय विवाहिता पति और 9 माह के पुत्र के साथ महाकालेश्वर मंदिर दर्शन करने आई थी। दर्शनों के बाद पति बाइक लेने स्टैंड पर गया तभी महिला ने अपने 9 माह के पुत्र को फूल वाले को सौंपा और चप्पल पहनने के बहाने यहां से भाग गई। पति ने इसकी गुमशुदगी महाकाल थाने में दर्ज कराई तो तीन दिन बाद वह थाने लौटी और पुलिस को बयान दिये।
पायल पति योगेश 19 वर्ष निवासी चकरावदा अपने 9 माह के पुत्र अंश के साथ महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन करने आई थी। यहां दर्शनों के बाद तीनों मंदिर के बाहर आये। यहां पायल व पुत्र अंश फूल की दुकान पर खड़े हो गये जबकि योगेश सायकल स्टैंड पर अपनी बाईक लेने गया। उसी दौरान मौका पाकर पायल ने अपना 9 माह का पुत्र फूल की दुकान संचालित करने वाले युवक को सौंपा और कहा कि मैं चप्पल पहनकर आती हूं, कुछ दूर जाकर पायल यहां से ऑटो में बैठी और सीधे नानाखेड़ा बस स्टैंड से बस में बैठकर इंदौर चली गई।
इधर 9 माह के बालक को अकेला पाकर योगेश ने पत्नी की आसपास तलाश की व ससुराल में पायल के माता-पिता को भी अवगत कराया। काफी तलाश के बाद पायल नहीं मिली तो योगेश ने महाकाल थाने में गुमशुदगी दर्ज करा दी। तीन दिन बाद पायल स्वयं महाकाल थाने पहुंच गई और पुलिस को बयान दिये कि पति योगेश द्वारा उसके साथ झगड़ा व मारपीट की जाती है।
इस कारण महाकाल दर्शन के बाद बस से इंदौर चली गई थी। वहां दोस्तों को फोन लगाकर उनके पास गई और बाद में अपने माता-पिता के पास रह रही थी। पायल के बयानों के बाद पुलिस ने उसे माता-पिता के सुपुर्द किया है।