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महाकाल मंदिर में अब नि:शुल्क ही होंगे दर्शन
उज्जैन। शनिवार को महाकाल मंदिर प्रबंधन समिति द्वारा लिए गए फैसले को आज वापस ले लिया गया है। शनिवार को हुए फैसले में यह आदेश जारी हुए थे जो दर्शनार्थी ऑनलाइन प्री बुकिंग कराए बिना दर्शन करने आते हैं उन्हें दर्शन करने के लिए 101 रुपए की रसीद कटाना होगी। इस निर्णय के तुरंत बाद इसका कड़ा विरोध किया था और इस निर्णय को वापस लेने के लिए एक मुहिम “सबके है महाकाल” चलाई थी।
हमारा यह मानना था आज भी देश में सबसे अधिक आबादी उस वर्ग के लोगों की है जिनके पास ना इंटरनेट की सुविधा है और न जेब में प्रति व्यक्ति दर्शन करने के नाम पर देने के लिए 101 रुपए। इसलिए रुपए/आर्थिक स्थिति के आधार पर दर्शनार्थियों में भेद भाव करना ग़लत है। इस मुहिम को अपार जन समर्थन मिला। भाजपा, कांग्रेस सहित सभी राजनैतिक, सामाजिक और धार्मिक क्षेत्रों से जुड़े लगों ने इस मुहिम का खुलकर समर्थन किया।