- संत रविदास जयंती पर उज्जैन में एक साथ जुटे संत और समाज, 2121 दीपकों की रोशनी में जगमगाया शिप्रा तट
- महाकाल मंदिर पहुंचीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष अल्का लांबा, मीडिया से बोलीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष— नाम में भगवान जोड़ना काफी नहीं, सवाल ये है कि काम क्या किया जा रहा है
- उज्जैन में शिप्रा आरती को मिलेगा नया स्वरूप, रामघाट को वैश्विक पहचान देने की तैयारी; रोज होने वाली शिप्रा आरती बनेगी धार्मिक पर्यटन का केंद्र
- सुबह की पहली घंटी के साथ खुले महाकाल के पट, भस्म आरती में दिखा राजा स्वरूप
- महाकाल दरबार में भस्म आरती की अलौकिक छटा: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधिविधान के साथ संपन्न हुई आराधना, बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
मलखंब नेशनल चैंपियनशिप:28 राज्यों के 700 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे, सौ ऑफिशियल्स भी आएंगे
भारतीय मलखंब फेडरेशन द्वारा 25 से 30 सितंबर तक उज्जैन के माधव सेवा न्यास में मलखंब की नेशनल चैंपियनशिप का आयोजन किया जा रहा है। 25 से 27 और 28 से 30 सितंबर तक दो सत्रों में यह प्रतियोगिता होगी। पहले सत्र में 25, 26 एवं 27 सितंबर को सब जूनियर प्रथम एवं द्वितीय और दूसरे सत्र में 28, 29 एवं 30 सितंबर को जूनियर और सीनियर खिलाड़ियों के बीच होगी।
पियनशिप में देश के 20 राज्यों के 700 खिलाड़ी शामिल होंगे इसमें महाराष्ट्र, गुजरात, मध्यप्रदेश, तमिलनाडु के खिलाड़ियों के बीच कड़ी स्पर्धा देखने को मिलेगी। मलखम्ब के राष्ट्रीय कोच योगेश मालवीय ने बताया कि निष्पक्ष प्रतियोगिता आयोजन के लिए देश के विभिन्न राज्यों के 100 ऑफिशियल शामिल होंगे।
नेशनल मलखंब चैंपियनशिप मध्य प्रदेश मलखंब एसोसिएशन खेल एवं युवक कल्याण मध्य प्रदेश और माधव सेवा न्यास के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित होगी। पहले यह स्पर्धा मार्च में होने वाली थी, लेकिन कोरोना की अधिकता के चलते इसे आगे बढ़ाना पड़ा। ऐसी स्थिति में देश के अधिकांश राज्यों ने मलखंब प्रतियोगिता आयोजित कराने से इंकार कर दिया था।
मलखंब फेडरेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष किशोरी शरण श्रीवास्तव व माधव सेवा न्यास के अध्यक्ष विजय केवलिया ने बताया कि इन पांच दिनों में राष्ट्रीय 33वीं सब जूनियर प्रथम बालक व बालिका, 32वीं सब जूनियर द्वितीय बालक व बालिका, 36वीं सीनियर पुरुष, 33वीं जूनियर पुरुष वर्ग की राष्ट्रीय प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। उद्घाटन 26 को व समापन 30 सितंबर को किया जाएगा।
बाहर से आने वाले खिलाड़ियों का आरटीपीसीआर टेस्ट अनिवार्य –
भारतीय खेल प्राधिकरण के दिशा निर्देश पर आयोजित इस स्पर्धा को कोविड-19 की गाइडलाइन के मुताबिक ही आयोजित किया जाएगा। बाहर से आने वाले खिलाड़ियों के लिए आरटीपीसीआर टेस्ट अनिवार्य किया गया है। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सैकड़ों खिलाड़ी शोभायात्रा के माध्यम से कार्यक्रम स्थल पर कोरोना गाइडलाइन का पालन करते हुए वैक्सीनेशन एवं खेलों के प्रति आमजन को जागरूकता करते हुए प्रवेश करेंगे। दर्शक वर्चुअल एवं ऑनलाइन के माध्यम से इस खेल में होने वाले प्रदर्शन देख सकेंगे। इस दौरान एसोसिएशन की वेबसाइट का लोकार्पण भी किया जाएगा।