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Ujjain दशहरा पर्व: चांदी की पालकी में सवार होकर नए शहर में प्रजा को दर्शन देंगे बाबा महाकाल, 12 अक्टूबर को निकलेगी भगवान की राजसी सवारी; कलेक्टर ने किया मार्ग का निरीक्षण
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
उज्जैन एक धार्मिक नगरी है और यहाँ के राजा बाबा महाकाल हैं। ऐसे में राजा होने के नाते भगवान हर पर्व-त्योहार पर सवारी के रूप में नगर भ्रमण कर अपनी उपस्थिति दर्ज करवाते हैं। वैसे ही विजय दशमी पर्व, दशहरा पर भी भगवान महाकाल की उपस्थिति नगर में देखने को मिलेगी।
बता दें, वर्ष में एक बार विजयादशमी पर भगवान महाकाल की सवारी का नए शहर में आगमन होता है। इस दौरान भगवान महाकाल चांदी की पालकी में सवार होकर नए शहर में भी प्रजा को दर्शन देने के लिए आते हैं। इस वर्ष 12 अक्टूबर शाम 4 बजे परंपरा अनुसार श्री महाकालेश्वर मंदिर से बाबा महाकाल की सवारी निकलेगी जो विभिन्न मार्गों से होते हुए दशहरा मैदान पहुंचेगी। यहां पर रावण दहन के पूर्व बाबा महाकाल का विधि-विधान से पूजन होगा। इसके बाद सवारी पुन: मंदिर के लिए रवाना हो जाएगी।
कलेक्टर ने किया मार्ग का निरीक्षण
वहीं, कलेक्टर नीरज कुमार सिंह एवं पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ आगामी दशहरा पर्व पर निकलने वाली भगवान श्री महाकालेश्वर की सवारी के मार्ग का निरीक्षण किया। इस दौरान कलेक्टर ने सवारी मार्ग का निरीक्षण कर संबंधित विभाग के अधिकारियों को सवारी के दौरान सुव्यवस्था एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए। साथ ही दशहरा मैदान पर आवश्यकता अनुसार बेरिकेडिंग किए जाने के लिए कहा गया। इस मौके पर एडीएम अनुकूल जैन, प्रशासक महाकालेश्वर मंदिर समिति गणेश कुमार धाकड़ तथा संबंधित अधिकारीगण उपस्थित थे।