- वीरभद्र जी को स्वस्ति वाचन के बाद शुरू हुई भस्म आरती, शेषनाग मुकुट और मुण्डमाला में सजे बाबा महाकाल
- रंगपंचमी पर महाकाल मंदिर में बदली व्यवस्था, भस्म आरती में सिर्फ एक लोटा केसर रंग अर्पित होगा; भक्तों को रंग लाने की नहीं होगी अनुमति!
- महाकाल मंदिर में तड़के हुई भस्म आरती, वीरभद्र जी को स्वस्ति वाचन के बाद खुले गर्भगृह के पट; शेषनाग मुकुट में सजे बाबा महाकाल!
- स्वस्ति वाचन के बाद खुले चांदी के पट, महाकाल का हुआ पंचामृत अभिषेक; भांग-चंदन और गुलाब माला से हुआ दिव्य श्रृंगार!
- भारत-इंग्लैंड सेमीफाइनल से पहले उज्जैन में प्रार्थना: शिवलिंग के सामने रखी खिलाड़ियों की तस्वीरें, क्रिकेट फैंस ने मांगा आशीर्वाद
श्रावण की पहली सवारी बाबा महाकाल मनमहेश रूप में देंगे दर्शन
उज्जैन। श्रावण माह के पहले सोमवार (30 जुलाई) को पहली सवारी में राजाधिराज भगवान महाकाल भक्तों को मनमहेश रूप में दर्शन देंगे। शाम ४ बजे महाकाल मंदिर सभा मंडप में होने के बाद श्री मनमहेश पालकी में नगर भ्रमण पर निकलेंगे। मुख्य द्वार पर सशस्त्र पुलिस बल के जवानों द्वारा श्री मनमहेश को सलामी दी जाएगी। इसके बाद रामघाट पर शिप्रा के जल से भगवान का अभिषेक कर पूजन किया जाएगा। इसके बाद सवानहीं मिला स्ट्रेचर तो कर्मचारी उठाकर ले गए एम्बुलेंस तक… री पुन: विभिन्न मार्गों से होकर मंदिर पहुंचेगी।