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उज्जैन:जमानत से छूटा तो फिर कर दिया नाबालिग से रैप
उज्जैन। बहादुरगंज में रहने वाली एक नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया और वह भी लगभग आधा दर्जन बदमाशों ने। चौकाने वाली बात तो ये है कि आरोपियों में होमगार्ड जवान का बेटा भी शामिल है, जो इसी साल अगस्त में जेल से छूटा और उसने पीडि़ता को उसी के मकान में अकेला पाकर फिर से रैप कर डाला। पीडि़ता संबंधित कोतवाली थाना भी गई लेकिन वहां पर उसके साथ मारपीट का प्रकरण कायम कर बिना एफआईआर की कॉपी दिये भगा दिया। पीडि़ता की मां ने ये सब बयानी आईजी राकेश सिंह को उनके कार्यालय में सुनाई तो वे भी चौंक गये। उन्होंने एसपी सचिन अतुलकर से चर्चा कर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिये हैं।
पीडि़ता की मां ने बताया कि विगत वर्ष उसके पड़ोस में रहने वाले एक युवक सौरभ तिवारी पिता अशोक उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर दर्शन के बहाने औंकारेश्वर ले गया। औंकारेश्वर में आरोपियों ने एक जगह पर उसे लंबे समय तक रखकर अपने आधा दर्जन दोस्तों के साथ दुष्कर्म किया। इधर पीडि़ता की मां अपनी बेटी को जगह-जगह तलाशती रही। अंतत: उसे सुराग लगा तो उसने अपने पड़ोस में रहने वाले सौरभ के माता पिता से बात कर उसे वापस करने की बात की। बड़ी मुश्किल से आरोपियों के चंगुल से छूटकर आई पीडि़ता ने जब माता-पिता को उसकी असल कहानी बताई तो उनके होंश उड़ गये। और उन्होंने पुलिस को शिकायत दर्ज कराई।
डरा-धमकाकर बयान बदलवाये तो हुई जमानत
पीडि़ता की मां ने बताया कि सौरभ के घर वालों ने उसकी छोटी बेटी पर एसिड फैंकने की धमकी देकर और उसका अपहरण कर पीडि़ता बयान बदलवा दिये, तब जाकर उसकी जमानत हो सकी। अब जब आरोपी सौरभ बाहर आ चुका है तो उसने फिर से बदमाशी शुरू कर दी। अब जब भी पीडि़ता की मां और पिता मकान पर नहीं होते हैं तो वो वहां आकर उसके साथ दुष्कर्म करता है।
पीडि़ता की मां घर-घर जाकर बर्तन मांजती है और पिता ऑटो चालक
नाबालिग पीडि़ता जो अब भी दुष्कर्म का शिकार हो रही है उसकी मां घर-घर जाकर बर्तन मांजती है और पिता ऑटो चलाते हैं, यही वजह है कि माता-पिता दोनों घर पर नहीं होते और आरोपी नाबालिग को डराकर आए दिन दुष्कर्म कर रहा है। पीडि़ता की मां ये भी बताया कि आरोपी अपने दोस्तों के साथ उसके मकान पर आता है और उस नाबालिग के साथ कई बार सामूहिक दुष्कर्म भी करता है।
आईजी ने एसपी के पास भेजा
आईजी राकेशसिंह ने पीडि़ता की मां की फरियाद सुनने के बाद एसपी सचिन अतुलकर से फोन पर बात कर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिये। पीडि़ता की मां को देखते ही एसपी ऑफिस के अर्दली ने पहचानकर कहा ये महिला तो रोज ही यहां आती हैं…साहब अब चार बजे बाद मिलेंगे।
कोतवाली पुलिस से लेकर हरिजन थाने तक सिर्फ चक्कर ही चक्कर
पीडि़ता की मां ने अक्षर विश्व को बताया कि वह पिछले दो महीनों से कोतवाली पुलिस के चक्कर लगा रही हैं। कोतवाली पुलिस ने दोबारा दुष्कर्म का प्रकरण दर्ज करने के बजाय साधारण मारपीट का प्रकरण कायम कर उसे एफआईआर की नकल दिये बिना भगा दिया। पीडि़ता की मां का कहना है कि पुलिस कहती है कि हमारे पास एक ही काम है जो हम तुम्हें लेकर बैठे रहें। यही कारण है कि आरोपियों को प्रोत्साहन मिल रहा है और वो आए दिन आकर उनकी बेटी से दुष्कर्म कर रहा है। पीडि़ता ने पढ़ाई छोड़ी तो छोटी बहन ने भी कहा मुझे स्कूल नहीं जाना वो परेशान करते हैं रास्ते में आरोपियों की हिम्मत तो इतनी बढ़ गई है कि वह आये दिन पीडि़ता और उसकी बहन को कहीं भी धमकाते हैं। यही कारण है कि पीडि़ता ने तो अपनी पढ़ाई ही छोड़ दी और उसकी छोटी नाबालिग बहन ने आई जी राकेश गुप्ता को बताया कि वह भी पढ़ाई छोड़ देगी क्योंकि उसे भी आरोपी रास्ते में तंग करते हैं। वे कहते हैं अब अगला नंबर तुम्हारा है।