सिंहस्थ 2028 की तैयारियों को लेकर प्रशासन सक्रिय, मेला अधिकारी आशीष सिंह ने की विकास कार्यों की समीक्षा; कहा—‘हर निर्माण कार्य समय पर हो पूर्ण’

उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया:
आगामी सिंहस्थ 2028 महाकुंभ को लेकर प्रशासनिक स्तर पर तैयारियाँ तेज़ हो गई हैं। सोमवार को सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह की अध्यक्षता में प्रशासनिक संकुल भवन के सभाकक्ष में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें सिंहस्थ महापर्व के अंतर्गत चल रहे विकास कार्यों की विभागवार समीक्षा की गई। बैठक में नगर निगम, जल संसाधन, उर्जा, एमपीआरडीसी और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारीगण मौजूद रहे।
सिंह ने नगर निगम के अधिकारियों से सिवरेज परियोजना और प्रमुख मार्गों के चौड़ीकरण कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सिंहस्थ में आने वाले भारी संख्या में वाहनों के लिए समुचित पार्किंग व्यवस्था का विधिवत प्लान तैयार किया जाए। साथ ही, उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे निर्माण कार्य जिनकी समय सीमा ढाई वर्ष से अधिक है, उनकी एक पृथक सूची तैयार की जाए ताकि इन कार्यों की समयसीमा में पूर्णता सुनिश्चित की जा सके।
जल संसाधन विभाग के अंतर्गत घाट निर्माण और कान्ह क्लोज डक्ट परियोजना की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि यह परियोजना जून 2027 तक पूर्ण की जानी है। उर्जा विभाग के तहत भू-अर्जन से संबंधित किसी भी लंबित मामले के शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए गए ताकि निर्माण कार्य बाधित न हों।
एमपीआरडीसी के अंतर्गत हो रहे नवीन सड़क निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए सिंह ने कहा कि सिंहस्थ जैसे महापर्व में देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को आवागमन में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि मार्गों का निर्माण इस प्रकार किया जाए कि पैदल यात्री भी सुरक्षित एवं सहज यात्रा कर सकें। रेलवे ओवरब्रिज के निर्माण को लेकर सिंह ने कहा कि रेल विभाग के अधिकारियों के साथ अलग से बैठक आयोजित की जाएगी ताकि समन्वय बनाकर कार्य को गति दी जा सके।
इस समीक्षा बैठक में उज्जैन कलेक्टर रौशन कुमार सिंह, जिला पंचायत सीईओ जयति सिंह सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में सभी विभागों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए कि सभी कार्य समयसीमा के भीतर पूर्ण हों और सिंहस्थ 2028 को एक सुव्यवस्थित, सुरक्षित और ऐतिहासिक आयोजन बनाया जा सके।