- वीरभद्र के कान में स्वस्ति वाचन के बाद शुरू हुई भस्म आरती की प्रक्रिया: रजत मुकुट और मुण्डमाला में सजे महाकाल, भोर में उमड़ा आस्था सागर!
- चैत्र मास की पहली जत्रा शुरू, चिंतामण गणेश मंदिर में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब; प्रशासन ने किए विशेष इंतजाम
- चंद्र ग्रहण के बाद धुलेंडी पर रंगों की बरसात, संतों से लेकर युवाओं तक छाया उत्साह
- भक्तों के लिए जरूरी अपडेट: महाकाल मंदिर में बदले आरती के समय, धुलेंडी के बाद लागू नई व्यवस्था!
- महाकाल दरबार में तड़के भस्म आरती: राजा स्वरूप में सजे बाबा, श्रद्धालुओं ने किए अलौकिक दर्शन!
बेटे ने 75 साल की वृद्ध मां को तलवार मारी
उज्जैन। ग्राम गंगेड़ी में रहने वाले बेटे ने अपनी 75 साल की वृद्ध मां को मंगलवार सुबह तलवार मारकर घायल कर दिया। उसकी पत्नी ने भतीजे को डंडों से पीटा। दोनों को घायल हालत में लेकर परिजन नीलगंगा थाने पहुंचे और प्रकरण दर्ज कराया। आरोपी के पिता ने बताया उनके बेटे ने दो बीघा जमीन पर जबरन कब्जा कर लिया जिसकी शिकायत कलेक्टर और एसपी से भी कर चुके हैं लेकिन आज तक कार्रवाई नहीं हुई।
बूढ़े माता-पिता की देखरेख के लिए शासन द्वारा कानून बनाये जाने के बावजूद इसका पालन नहीं हो रहा। कई वृद्धजन अपने बच्चों द्वारा दी जा रही प्रताडऩाओं से परेशान हैं। सुबह ग्राम गंगेड़ी में रहने वाली फूलीबाई पति आत्माराम (75) पर उनके बेटे मोहनलाल (50) ने खेत पर आने की बात को लेकर तलवार से हमला कर दिया।
वृद्धा के हाथों में तलवार के वार से चोट आई और खून बहने लगा, जबकि मोहनलाल की पत्नी भागवंता ने भतीजे गोपाल (15) पर डंडे से हमला किया। दोनों को घायल अवस्था में आत्माराम अपने दो अन्य पुत्रों के साथ लेकर नीलगंगा थाने पहुंचा और बेटे मोहनलाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। आत्माराम ने बताया उनके तीन बेटे हैं। तीनों को 6-6 बीघा जमीन दे दी और स्वयं व पत्नी के गुजारे के लिये 6 बीघा जमीन अपने पास रखी। इसमें से 2 बीघा जमीन पर मोहनलाल ने जबरन कब्जा कर लिया जिसकी शिकायत कलेक्टर, तहसीलदार, पटवारी व एसपी से की लेकिन किसी ने सुनवाई नहीं की।
विधायक का संरक्षण
वृद्ध आत्माराम ने बताया कि उनका बेटा जमीन पर कब्जा करने के बाद रास्ते को लेकर आये दिन विवाद करता है। कलेक्टर से शिकायत की तो कोई कार्यवाही नहीं की गई, थाने में शिकायत की तो विधायक फोन कर मोहनलाल पर कार्यवाही नहीं होने देते। पुलिस और प्रशासन नेताओं के डर से कार्यवाही नहीं करता, जबकि हम इतने परेशान हो चुके हैं कि या तो स्वयं आत्महत्या कर लें या ऐसे बेटे को पुलिस गोली मार दे।