- संत रविदास जयंती पर उज्जैन में एक साथ जुटे संत और समाज, 2121 दीपकों की रोशनी में जगमगाया शिप्रा तट
- महाकाल मंदिर पहुंचीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष अल्का लांबा, मीडिया से बोलीं महिला कांग्रेस अध्यक्ष— नाम में भगवान जोड़ना काफी नहीं, सवाल ये है कि काम क्या किया जा रहा है
- उज्जैन में शिप्रा आरती को मिलेगा नया स्वरूप, रामघाट को वैश्विक पहचान देने की तैयारी; रोज होने वाली शिप्रा आरती बनेगी धार्मिक पर्यटन का केंद्र
- सुबह की पहली घंटी के साथ खुले महाकाल के पट, भस्म आरती में दिखा राजा स्वरूप
- महाकाल दरबार में भस्म आरती की अलौकिक छटा: सभा मंडप से गर्भगृह तक विधिविधान के साथ संपन्न हुई आराधना, बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
श्रावण मास की तीसरी सवारी में महाकाल ने तीन स्वरूपों में किया नगर भ्रमण, जनजातीय लोकनृत्य और भजन मंडलियों ने भरा रंग; 5 लाख से अधिक श्रद्धालुओं किए दर्शन!
उज्जैन लाइव, उज्जैन, श्रुति घुरैया: उज्जैन में सावन के तीसरे सोमवार के अवसर पर भगवान श्री महाकालेश्वर की भव्य सवारी पूरे श्रद्धा, उल्लास और पारंपरिक गरिमा के साथ निकाली गई। यह सवारी सिर्फ धार्मिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और सामाजिक समरसता की मिसाल भी बनी। महाकाल तीन अलग-अलग स्वरूपों में नगर भ्रमण पर निकले — पालकी में श्री चंद्रमौलेश्वर, हाथी पर श्री मनमहेश और गरुड़ रथ पर श्री शिव तांडव के रूप में विराजित होकर महाकाल…
और पढ़े..







