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पर्यावरण संतुलन में इस पक्षी की अहम भूमिका
नेशनल सेव द ईगल डे आज : परिंदे भी चाहते हैं पक्षीराजन की तरह कोई तो हमारा भी रखवाला बने उज्जैन. प्राचीन काल से साहस और शक्ति का प्रतीक माना जाने वाला पक्षी बाज का पौराणिक के साथ-साथ वैज्ञानिक महत्व भी है। पर्यावरण संतुलन में सहायक इस पक्षी का रहना बहुत ही जरूरी है। 1200 मीटर की ऊंचाई तक आसमान की सैर करने वाले शिकारी पक्षी बाज के उडऩे की रफ्तार 160 किमी प्रति घंटा…
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